राजकीय होमियोपैथिक चिकित्सालय विषहम मेंहनगर में घुसकर शनिवार की दोपहर दो नकाबपोश बदमाशों ने फार्मासिस्ट से दस लाख रुपये की रंगदारी मांगी है। रुपये पांच दिन के भीतर तैयार रखने की चेतावनी दी है। बदमाशों ने धमकी दी है कि यदि रुपये नहीं मिले तो तुम्हारे दोनों बेटों की गोली मारकर हत्या कर दी जाएगी। धमकी के संबंध में पीड़ित ने गंभीरपुर थाने में तहरीर दी लेकिन घटनास्थल मेंहनगर का होना बताते हुए मामला टाल दिया। बाद में किसी तरह से मेंहनगर थाने की पुलिस ने केस दर्ज किया। जांच की जा रही है।
गंभीरपुर थाना क्षेत्र के रामपुर अंदोई गांव निवासी रमाकांत तिवारी राजकीय होमियोपैथिक चिकित्सालय विषहम मेंहनगर में फार्मासिस्ट के पद पर तैनात है। रमाकांत का बिंद्राबाजार में मेंहनगर रोड पर मकान है। यही पर इनके दोनों बेटे नर्सिंग होम चलाते हैं। शनिवार को रमाकांत तिवारी सरकारी अस्पताल विषहम पर ड्यूटी कर रहे थे। उनका आरोप है कि दोपहर करीब साढ़े बारह बजे एक बाइक पर सवार दो बदमाश मुंह बांधे पहुंचे।
रमाकांत ने उन दोनों को दवा लेने के लिए पर्ची कटाने की बात कहीं तो वे रमाकांत के टेबल के सामने वाली कुर्सी खीचकर बैठ गए और टेबल पर पिस्टल निकालकर रख दिया। बदमाशों ने धमकी दिया कि पांच दिन के भीतर रुपये हमें दे दो, अन्यथा तुम्हारे दोनों बेटों की गोली मारकर हत्या कर दी जाएगी। धमकी देकर बदमाश चले गए। रमाकांत भागकर अपने घर पहुंचे। परिवारवालों को आपबीती बताए। वह मेंहनगर थाने पहुंचकर पुलिस को सारी बात बताए।
मेंहनगर थाने की पुलिस पहले तो आनाकानी कर रही थी लेकिन स्थानीय नेताओं के हस्तक्षेप के बाद केस दर्ज किया। सीओ लालगंज एसपी तोमर ने बताया कि घटना की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। जांच एसआई श्यामनरायण सिंह को सौंपी गई है।