आजमगढ़। जिला जेल के बंदियों पर जेल प्रशासन की सख्ती का असर दिखने लगा है। जेल में निरुद्ध बंदी जहां पेशी पर जाने लगे हैं, वहीं उन्हें पेशी से रोकने वाले बंदी भी शांत हो गए हैं। दो बंदियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराने से बंदियों में हड़कंप मच गया है।
जिला जेल के बंदियों में एक बार फिर गुटबाजी की कुछ दिनों पूर्व शुरूआत हुई थी। इस गुटबाजी के चलते ही जेल में बंदी हड़ताल पर चले गए। इसके तहत दो-तीन दिनों तक बंदी पेशी पर नहीं आये। जेल प्रशासन द्वारा दबाव बनाने पर जो बंदी पेशी पर जाने को तैयार होते तो उन्हें कुछ दबंग बंदी धमकाने और मारपीट करने लगे। सरकारी काम में बाधा उत्पन्न होने पर जेल प्रशासन सक्रिय हुआ और दो बंदी मो. शादाब उर्फ महताब पुत्र सुल्तान व मो. सेराज पुत्र जान मोहम्मद के खिलाफ सिधारी थाने में नामजद मुकदमा दर्ज कराया। जेल प्रशासन की इस कार्रवाई का असर बंदियों पर पड़ा। अब ये बंदी नियमानुसार पेशी पर जाने लगे है तो वहीं जेल में बंदियों की नेतागिरी भी खत्म हो गई है। जेल अधीक्षक आरके मिश्रा का कहना है कि जेल में जो भी बंदी समस्या खड़ी करने की कोशिश करेगा, उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।