गोरिया बाजार। महराजगंज थाना क्षेत्र के गोपालपुर गांव में स्थित एक प्राचीन मंदिर में बुधवार की रात चार मूर्तियां चुरा लीं गई। गुरुवार की सुबह पूजा करने गए पुजारी ने मंदिर से गायब मूर्तियों को देखने के बाद पुलिस को सूचना दी। घटना के संबंध में पुजारी ने की तरफ से अज्ञात के विरुद्ध तहरीर दी। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
महराजगंज थाना क्षेत्र के गोपालपुर गांव निवासी भागवत सिंह ने अपने घर के सामने भव्य मंदिर का निर्माण करवाया था। वर्ष 1962 में मऊ जिले के घोसी क्षेत्र के एक ब्राह्मण ने भागवत सिंह को राम, जानकी, लक्ष्मण और हनुमान जी की मूर्तियां दान में दी थी। मूर्तियां अष्टधातु की बताई जा रही हैं। इन प्रतिमाओं की मंदिर में पूजा की जाती थी। वर्तमान में मंदिर में पूजापाठ भागवत सिंह के परिवार के रामविजय सिंह कर रहे थे। मंदिर दरवाजे के ठीक सामने होने की वजह से लोग मंदिर का सिर्फ कुंडी ही बंद कर देते थे। बुधवार की शाम भोग लगाने के बाद रामविजय ने मंदिर का दरवाजा बंद कर दिया और अपने घर में सो गए। गुरुवार की सुबह जब वह पुन: मंदिर में पूजा करने पहुंचे तो भीतर मूर्तियों को गायब पाया। उनका शोर सुनकर कुछ ही देर में वहां लोगों की भीड़ जुट गई। सूचना मिलने पर सीओ सगड़ी, एसओ महराजगंज मौके पर पहुंचे और मौका मुआयना किया। बता दें कि इस घटना से ठीक पांच दिन पूर्व निजामाबाद थाना क्षेत्र के परवेजाबाद गांव में स्थित प्राचीन मंदिर का दरवाजा तोड़कर चोर अष्टधातु की तीन मूर्तियां चुरा ले गए थे। पुलिस इनके बारे में अभी तक कोई सुराग नहीं लगा पाई कि सीओ सगड़ी सुधाकर सिंह ने बताया कि अज्ञात के विरुद्ध केस दर्ज कर लिया गया है। पुलिस चोरी गई मूर्तियों की तलाश में जुटी हुई है।