आजमगढ़। जीयनपुर कोतवाली क्षेत्र के अंजानशहीद बाजार के पास सात सितंबर 2017 को सड़क जाम के दौरान पुलिसपार्टी पर पथराव करते हुए कई पुलिसवालों के वाहन, रोडवेज की सरकारी बस आदि में तोडफ़ोड़ करने वाले 11 लोगों को एडीएम वित्त/राजस्व द्वारा आरसी जारी की गई है। अनुमान के मुताबिक इनकी वजह से 394131 रुपये का नुकसान हुआ है। एडीएम ने प्रत्येक आरोपियों को 35830 रुपये जमा करने का निर्देश दिया है। इस कार्रवाई से लोगों में हड़कंप मचा हुआ है। जीयनपुर कोतवाली क्षेत्र के तुकौली गांव निवासी दयाराम चौहान का पंद्रह वर्षीय बेटा संदीप चौहान पांच सितंबर को घर से कोचिंग पढने के लिए निकला। इसके बाद उसका कोई पता नहीं चला। परिवार के लोग और पुलिस संदीप को तलाश ही रही थी कि सात सिंबर को संदीप की लाश बलिया जिले में पाई गई। वह वहां शीशम के पेड़ से लटकर आत्महत्या कर लिया था। संदीप की लाश लेकर परिवार के लोग घर पहुंचे। हत्या का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग करने लगे। साथ ही अंजान शहीद बाजार के पास सड़क जामकर आजमगढ़-गोरखपुर मुख्य मार्ग को जाम कर दिया। सड़क जाम खुलवाने पहुंची पुलिस पर ग्रामीणों ने पथराव कर दिया। इस दौरान पुलिस के कई लोग जहां घायल हो गए। वहीं कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गया। मनबढ़ों ने रोडवेज की वातानुकूलित बस में भी तोडफ़ोड़ किया। मामला शांत हो जाने के बाद एसपी ग्रामीण नरेंद्र प्रताप सिंह के निर्देश पर जीयनपुर कोतवाली पुलिस ने तोडफ़ोड़ में हुए सरकारी नुकसानों का अनुमानित लागत की रिपोर्ट तैयार कर वसुली के लिए एडीएम वित्त/राजस्व के यहां रिपोर्ट भेज दी। पुलिस के मुताबिक कुल 394131 रुपये का नुकसान हुआ है। इसके लिए एडीएम ने नुकसान के लिए जिम्मेदार 11 आरोपियों से वसुली के लिए सोमवार को सभी को आरसी जारी किया है। नोटिस के मुताबिक प्रत्येक आरोपी को35830 रुपये सरकारी खजाने में जमा करना है। एडीएम की तरफ से आरसी जाने की सूचना से आरोपियों में हड़कंप मचा है।