अमिलो/सठियांव। यूबीआई नसिरुद्दीनपुर की शाखा में बैंक कर्मचारियों की गड़बड़ी से एक ही खाता नंबर दो महिलाओं को जारी कर दिया गया। जिसमें विदेश में मौजूद एक महिला का पति वहां से रुपये जमा करता था। जबकि घर पर मजदूरी करने वाले दूसरी महिला का पति रुपये निकाल ले रहा था। बैंक पहुंचने पर खाते से रुपये गायब होने की जानकारी पर पीड़िता को इसके बारे में पता चला। उसने शाखा प्रबंधक से इसकी शिकायत की तो उन्होंने जांच कर कार्रवाई का भरोसा दिया। साथ ही इस बात का भी पता लगाने को कहा कि आखिर यह गड़बड़ी कहां से और कैसे हुई। पीड़ित महिला शिवकुमारी पत्नी संतलाल मूलरुप से मऊ जिले के रानीपुर थाने के हाजीपुर गांव की रहने वाली है। उसका मायका जहानागंज थाना क्षेत्र के महुआ मलिकानी गांव में है। शिवकुमारी का पति संतलाल खाड़ी देश कतर में रहता है। पति के विदेश जाने पर शिवकुमारी ने 17 जुलाई 2017 को मुबारकपुर कस्बे के नसिरुद्दीनपुर में स्थित यूनियन बैंक की शाखा में अपना खाता खुलवाई। करीब एक सप्ताह पूर्व शिवकुमारी बैंक से रुपये निकालने पहुंची तो पता चला कि खाते में रुपये ही नहीं है। जांच पड़ताल के दौरान पता चला कि शिवकुमारी के नाम की दूसरी महिला जहानागंज थाना क्षेत्र के असोना गांव निवासी शिवकुमारी पत्नी सदानंद को भी यही खाता नंबर जारी किया गया है। जिसके जरिए सदानंद ने 11 अप्रैल 2018 को दस हजार रुपये, 13 और 20 अप्रैल को 25-25 हजार और 27 अप्रैल को दो हजार रुपये निकाल लिया है। खाते से रुपये निकाले जाने की सूचना से संतलाल की पत्नी शिवकुमारी के पैरो तले जमीन खिसक गई। शिवकुमारी ने इसके लिए बैंक अधिकारियों और कर्मचारियों को जिम्मेदार ठहराते हुए शाखा प्रबंधक से शिकायत की। अनपढ़ शिवकुमारी पत्नी संतलाल के पास मौजूद खाते पर उसका फोटो है। जबकि नाम शिवकुमारी पत्नी सदानंद का लिखा हुआ है। ऐसे में साफ है कि इसमें बैंक के अधिकारी और कर्मचारियों की घोर लापरवाही है। इस संबंध में शाखा प्रबंधक ज्योत्सना ने बताया कि इस प्रकार की गड़बड़ी हमारे यहां सेे नहीं बल्कि मुख्यालय से हुई है। इसकी जांच कराकर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।