आजमगढ़। सिविल जज सीनियर डिविजन फास्ट ट्रैक कोर्ट देवेंद्र प्रताप सिंह की अदालत ने गलत एफआईआर दर्ज कराए जाने के एक मामले में सुनवाई पूरी होने के बाद प्रभारी निरीक्षक महराजगंज को मुकदमा दर्ज कर विवेचना किए जाने का आदेश दिया है। साथ ही महराजगंज थाना प्रभारी की भूमिका संदेहास्पद पाते हुए पुलिस अधीक्षक आजमगढ़ को इस आदेश की प्रति भेजकर अवगत करा दिया है। इस मामले में इस थाना क्षेत्र के अहंकारीपुर गांव निवासी घरभरन निषाद के पुत्र श्रीराम को आठ मार्च 2021 को गांव के कुछ लोगों ने मारपीट कर घायल कर दिया था। इस घटना को लेकर उसके इलाज के लिए परिवार वाले अस्पताल में परेशान थे। इसी दौरान साजिश के तहत उसके नाम से एक तहरीर किसी ने थाने में दी। जबकि पीड़ित कभी थाने पर गया ही नहीं था। इस मामले की सुनवाई करते हुए अदालत ने उक्त आदेश पारित किया।