चेहल्लुम पर बृहस्पतिवार को कई इलाकों से अलम, ताजिया और ताबूत के जुलूस निकाले गए। जो कदीमी रास्तों से होते हुए कर्बला पहुंचे। जहां नौहा मातम कर शहीदाने कर्बला को खिराजे अकीदत पेश की गई। इससे पूर्व मजलिस में उलेमा ने कर्बला के मंजर बयान किए तो अजादार रो पड़े।
मोहल्ला बाज बहादुर स्थित कोट अखाड़े के मैदान से निकाला जुलूस निकाला गया जो टेंढिया मस्जिद, राजा का किला होते हुए वापस तकिया पहुंचा। तकिया पर कोट और पहाड़पुर अखाड़ा दोनों साथ-साथ पुरानी कोतवाली होते हुए कर्बला मैदान पहुंचे। जहां पर खिलाड़ियों ने हैरतअंगेज करतब दिखाए। उसके बाद जुलूस पुरानी सब्जी मंडी होते हुए मुख्य चौक पहुंचा। इस दौरान नायब उस्ताद सलीम अहमद, कटरा उस्ताद मुस्ताक खान, बदरका उस्ताद मुन्ना कुरैशी, मुफीद अहमद खान उपस्थित थे।
मेजवां : मेजवां गांव में मरहूम सैय्यद अली सफदर के चौक से बृहस्पतिवार को कर्बला के शहीदों की याद में चेहल्लुम का जुलूस निकाला गया। इससे पूर्व मजलिस में उलेमा ने कर्बला के मंजर बयान किए तो अंजुमनों ने नौहा मातम कर शहीदों को खिराजे अकीदत पेश की। अजादारों ने जुलूस में शामिल अलम, ताबूत और ताजिया की जियारत की। मजलिस को हसरत हुसैन ने खिताब किया। जुलूस इमामबाड़ा, कैफ़ी आज़मी रोड होते हुए हजरत अब्बास के रौजे पर पहुंचा। जहां आखिरी नौहा पढ़कर ताजिया को दफन किया गया।
उधर अंजुमन फरोगे अजा की ओर से चमावां गांव में शाम को चेहल्लुम का जुलूस निकाला गया।जुलूस से पूर्व मेराज हैदर ने मजलिस पढ़ी। देर शाम ताजिया को कर्बला में दफ्न किया गया। वहीं, दसमड़ा गांव में अंजुमन गुलजार पंजतन और बहाउद्दीनपुर में अंजुमन लश्करे हुसैनी की ओर से भी जुलूस निकाला गया।
पवई : बहाउद्दीनपुर में इमाम हुसैन की याद मे बृहस्पतिवार को परंपरागत तरीके से चेहल्लुम का जुलूस निकाला गया। लोगों ने शहीदाने कर्बला को जंजीर के मातम से पुरसा दिया। मौलाना असगर मेहंदी ने मजलिस को खिताब किया।
कल निकलेगा चेहल्लुम का जुलूस
सरायमीर। अंजुमन तंज़ीमे हुसैनी की ओर से नौ सितंबर सुबह छह बजे चौक स्थित इमामबाड़ा से चेहल्लुम का जुलूस निकाला जाएगा। जो अपरे कदीमी रास्तों से होता हुआ खरेवां स्थित सदर इमामबाड़ा में समाप्त होगा। शिया कमेटी के मीडिया इंचार्ज सैय्यद मोहम्मद हुसैन ने बताया कि जुलूस में कर्बला के 72 शहीदों के ताबूतों की ज़ियारत कराई जाएगी। संवाद