जहानागंज। चकबंदी प्रक्रिया में भारी अनियमितता को लेकर कनैला के ग्रामीणों का आक्रोश उस समय सामने आ गया जब बुधवार को क़ानूनगो व लेखपाल सीमांकन प्रक्रिया शुरू करने गांव में पहुंचे। ग्रामीणों ने कर्मचारियों से अनियमितताओं का निस्तारण होने तक चकबंदी प्रक्रिया को रूकवा दिया। चक्रपानपुर बाजार से गांव निकट होने के कारण ज्यादातर भूमि कामर्शियल है। ग्रामीणों का आरोप है कि चकबंदी प्रक्रिया के दौरान चकबंदी अधिकारियों की मिलीभगत से भू-माफ़ियाओं लगभग पांच बीघा भूमि वृक्षारोपण के नाम पर हजम कर लिया। इतना ही नहीं व्यक्तिगत हित में मनमाने ढंग से आबादी भी कटवा लिया है। चक्रपानपुर-दौलताबाद मार्ग पर कनैला गांव के निकट तीन दशक पूर्व में बनी सड़क आज भी चकबंदी के नक़्शे से ग़ायब है। ग्रामीणों का कहना है कि गांवों के किसानों की भूमि की कटौती तो की गई है लेकिन एक भी सेक्टर मार्ग नहीं है। ज्ञापन सौंपने वालों में ग्राम प्रधान मेवाती देवी, रामवृक्ष राजभर, रमेश पांडेय, संग्राम पाल, राधिकादे वी, आत्माराम,अमलेश पांडेय, मीना देवी, आशा पाण्डेय,अमित कुमार राजभर,सुदामा राम आदि उपस्थित रहे।