आजमगढ़। होली पर्व के दृष्टिगत रेलवे से आने वाले माल की सघन जांच के बीच मिली सूचना पर राज्य कर विभाग ने कार्रवाई की है। स्थानीय सूत्रों से प्राप्त इनपुट के आधार पर यह जानकारी मिली थी कि रेलवे जांच से बचने के लिए कुछ रेलवे वेंडरों द्वारा कंटेनर ट्रक हायर कर कोलकाता से आजमगढ़ के लिए रेडीमेड गारमेंट्स बिना वैध प्रपत्रों के लाए जा रहे हैं।इसी क्रम में संयुक्त आयुक्त (वि.अनु.शा.) राज्य कर, आजमगढ़ संभाग नीलेश कुमार सिंह के निर्देशन में सचल दल प्रभारी आजमगढ़ अविनाश चंद्र राय की ओर से 24 को करीब 12.59 बजे वाहन को हुसैनगंज में जांच के लिए रोका गया। जांच में वाहन पर 72 पेटी रेडीमेड गारमेंट्स लोड पाए गए। वाहन चालक अमित कुमार द्वारा बताया गया कि माल कोलकाता से आजमगढ़ लाया जा रहा है, लेकिन माल से संबंधित कोई भी बिल, बिल्टी, इनवायस, डिलीवरी चालान या अन्य वैध प्रपत्र प्रस्तुत नहीं किया जा सका। ई-वे बिल ऑफिसर्स लॉगिन एप पर जांच के दौरान एक ई-वे बिल संख्या 652064414705 तिथि 23 फरवरी 2026 जनरेट पाया गया, लेकिन भौतिक सत्यापन में उक्त ई-वे बिल से संबंधित कोई भी माल वाहन पर मौजूद नहीं था। पुनः जांच में स्पष्ट हुआ कि ई-वे बिल का पार्ट-बी रेल परिवहन के लिए अपडेट किया गया था, जिससे यह प्रमाणित हुआ कि संबंधित माल का परिवहन इस वाहन से नहीं किया जा रहा था। जांच में यह स्पष्ट पाया गया कि 50 हजार रुपये से अधिक मूल्य के करयोग्य माल का परिवहन बिना वैध टैक्स इनवायस व ई-वे बिल के किया जा रहा था, जो जीएसटी अधिनियम का स्पष्ट उल्लंघन है। इसे लेकर संबंधित पक्ष को नोटिस जारी किया गया। नोटिस के अनुपालन में माल स्वामी से भिन्न व्यक्ति (पर्सन इन चार्ज ऑफ गुड्स) द्वारा शुक्रवार को कुल 7,36,596 की धनराशि अर्थदंड के रूप में जमा कराई गई।