आजमगढ़। परिवहन निगम विभाग के आजमगढ़ रीजन को जल्द ही दस जनरथ बसों की सौगात मिलने वाली है। बसें मिलने की सूचना के बाद से ही निगम के लोग बसों के संचालन के लिए रुट चार्ट तैयार करने में जुटे हुए हैं। विभाग के लोगों का मानना है कि एसी बसों के संचालन से ना केवल यात्रियों को सहुलियत मिलेगी, बल्कि विभाग की आमदनी में भी इजाफा होगा। परिवहन निगम विभाग के आजमगढ़ रीजन में आजमगढ़ जिले के दोनों डिपो के अलावा मऊ, बलिया, दोहरीघाट और जौनपुर जिले के शाहगंज डिपो आता है। रीजन के डिपो में कुल करीब 440 बसें शामिल हैं। जिनका संचालन दिल्ली, लखनऊ, कानपुर, इलाहाबाद, गोरखपुर, फैजाबाद, वाराणसी, मिर्जापुर आदि बड़े शहरों के लिए किया जाता है। लंबे मार्ग पर चलने वाले यात्रियों की संख्या भी अधिक रहती है। यात्रियों और आमदनी के हिसाब से ही आजमगढ़ रीजन का नाम प्रदेश के दस बड़े डिपो की सूची में शामिल है। अभी तक आजमगढ़ रीजन के डिपो से वातानुकूलित बसों का संचालन न के बराबर था। यहां से एसी बसों का जो भी संचालन होता है। वह प्राइवेट संस्थाओं के जरिए होता है। इसका मुनाफा भी उन्हीं के खाते में जाता है। वर्तमान समय में एसी बसों की डिमांड है, लेकिन डिपो से सरकारी एसी बसों का संचालन न होने से विभाग के लोग भी लाचार हैं। ऐसे में अधिकारियों की तरफ से मुख्यालय रिपोर्ट भेजकर एसी बसों के संचालन की मांग की गई थी। जिसको स्वीकार करते हुए परिवहन मंत्रालय ने आजमगढ़ को दस जनरथ बसें देने का निर्णय लेते हुए इसकी जानकारी विभागीय अधिकारियों को दे दी है। जनरथ बसों के संचालन के लिए विभाग की तरफ से उन मार्गों का चयन किया जा रहा। जहां से यात्रियों की संख्या अधिक हो और विभाग की आमदनी बढ़ सके। आरएम पीके तिवारी ने बताया कि जल्द ही रीजन को दस जनरथ बसें उपलब्ध कराई जाएंगी। इन बसों के संचालन के लिए मार्गों का चयन प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इससे यात्रियों को सहूलियत और विभाग को फायदा होगा।