आजमगढ़। मुबारकपुर थाना क्षेत्र के इब्राहीमपुर गांव में 12 सितंबर को अधिवक्ता और लेखपाल-कानूनगों के बीच हुए विवाद को लेकर दोनों संगठनों में टकराव की स्थित उत्पन्न हो गई है। वकील के विरोध में लेखपालों ने धरना-प्रदर्शन कर कार्रवाई की मांग की वहीं, वकीलों ने भी लेखापल, कानूनगो पर प्राथमिकी दर्ज करने की मांग उठाई। सदर तहसील परिसर में मंगलवार को अध्यक्ष रामानुज श्रीवास्तव की अध्यक्षता में लेखपालों ने धरना-प्रदर्शन किया। दोषी अधिवक्ता को गिरफ्तार करने की मांग की। कहा कि इब्राहिमपुर गांव में 12 सितंबर को अवैध अतिक्रमण हटवा रहे लेखपाल सुधीर कुमार चौधरी, रामदेवराम को अधिवक्ता सुरेंद्र सिंह और सभाजीत सिंह ने अतिक्रमण नहीं हटवाने दिया और अभिलेखों को फाड़ दिए। मना करने पर मारापीटा और धमकी दी। तहरीर भी दी गई, लेकिन कोई कार्रवाई न होने से आक्रोश है। चेतावनी दी कि गिरफ्तारी होने तक कार्य बहिष्कार रहेगा। शिवबदन शास्त्री, अशोक यादव, हरेंद्र मौर्य, सत्येंद्र कुमार, हरेंद्र राम, सुनील, चंद्रभान सिंह, सुनील कुमार सहित अन्य लेखपाल उपस्थित रहे। वहीं, सेंट्रल बार एसोसिएशन के सदस्यों की बैठक मंगलवार को संघ भवन में अध्यक्ष आद्या प्रसाद सिंह की अध्यक्षता में हुई। अधिवक्ता सुरेंद्र सिंह और सभाजीत सिंह से मारपीट करने के आरोपी राजस्व निरीक्षक और लेखपाल के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज किए जाने की मांग की गई। उपमंत्री जय प्रकाश यादव ने बताया कि कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज करने के लिए प्रार्थना पत्र दिया गया है। कोई कार्रवाई नहीं की गई। इससे विरोध स्वरूप अधिवक्ताओं ने न्यायिक कार्य नहीं किया।