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हड़ताल से 100 करोड़ का टर्नओवर और 25 करोड़ का क्लीयरेंस प्रभावित

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आजमगढ़। बैंक आफ बडौदा, देना बैंक और विजया बैंक का एक बैंक के रूप में विलय करने के सरकार के निर्णय के विरुद्घ युनाइटेड फोरम आफ बैंक यूनियंस के आह्वान पर जिले के सारे बैंक बुधवार को हड़ताल पर रहे। इस दौरान बैंक कर्मचारियों ने यूनियन बैंक आफ इंडिया के क्षेत्रीय कार्यालय सिविल लाइन से एक जुलूस निकाला। बैंकों की इस हड़ताल से जिले में लगभग 100 करोड़ का टर्नओवर और 25 करोड़ रुपये की क्लीयरेंस प्रभावित हुई। हड़ताली बैंक कर्मचारियों ने कहा कि दुनिया के कई देशों की तुलना में भारत में बैंकिंग घनत्व अपेक्षाकृत कम है। इसलिए बैंकिंग उद्योग के विस्तार की आवश्यकता है। समेकन की कोई आवश्यकता नहीं है। ऐसे हजारों गांव हैं जहां बैंक नहीं पहुंचे हें। बहुत से लोग बैंकिंग से वंचित हैं। 323 मिलियन आबादी वाले संयुक्त राज्य अमेरिका में बैंकों की संख्या 1.35 बिलियन की आबादी वाले भारत में बैंकों तुलना में काफी अधिक है। बैंकिंग की सुविधा लोगों तक पहुुंचाने के लिए सरकार ने जनधन योजना शुरू की। अब सरकार की ओर से जनधन योजना का दूसरा पार्ट शुरू किया गया है। इसका अर्थ है कि हम अभी भी सभी वर्गों तक नहीं पहुंच पाए हैं। विलय बड़े आकार के ऋणों की बढ़ती हुई मांग को पूरा करने के लिए हमारे बैंकों को बड़ा बनाने के लिए प्रस्तावित है। ऋण जितना बड़ा होगा जोखिम उतना ही अधिक होगा। सरकार का तर्क है कि विलय से बैंक मजबूत होंगे। जबकि इस निष्कर्ष का कोई प्रमाण नहीं है। इसलिए बैंकों के विलय की नहीं बल्कि विस्तार की आवश्यकता है। जिसके लिए आज हम हड़ताल पर हैं। इस दौरान हड़ताली कर्मचारियों ने सिविल लाइन स्थित यूबीआई के क्षेत्रीय कार्यालय से मोटर साइकिल जुलूस निकाला जो इलाहाबाद बैंक, डीएवी होते सदर अस्पताल पहुंचा। वहां से मुख्य चौक होते हुए पुन: सिविल लाइन पहुंचकर संपन्न हुआ। इसके बाद हड़ताली बैंक कर्मचारियों ने पैदल जुलूस भी निकाला जो सिविल लाइन से निकलकर रैदोपुर तिराहे तक तक गया। आल इंडिया स्टाफ एसोसिएशन के जिला मंत्री राजेश सिंह ने बताया कि हड़ताल के चलते जिले में लगभग 100 करोड़ का टर्नओवर व 25 से 30 करोड़ से भी अधिक का क्लीयरेंस प्रभावित हुआ। इस दौरान जिले में स्थित बैंक की लगभग 250 शाखाएं बंद रहीं। इस हड़ताल में जिले के लगभग 1500 कर्मचारी और अधिकारी शामिल रहे। इस मौके पर मोहम्मद आरिफ, राजेश प्रसाद सिंह, राजकुमार, सदरे आलम, आरके सिंह, विवेक सिंह, रिजवान अहमद आदि उपस्थित थे।
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