आजमगढ़। चयनित संस्कृत विद्यालयों का नवीनीकरण और जीर्णोद्धार 25-25 लाख से किया जाएगा। शासन की ओर से जारी योजना के तहत विद्यालयों को बिजली, पानी, शौचालय, स्मार्ट क्लास, लैब और खेलकूद की सामग्री आदि उपलब्ध कराई जाएगी। डीआईओएस की ओर से चयनित संस्कृत विद्यालयों के लिए आवेदन मांगे गए हैं। कायाकल्प के लिए संस्कृत विद्यालयों में यह पहल की गई है।
प्रदेश में 34 संस्कृत विद्यालयों का कायाकल्प किया जाएगा। एडीआईओएस विरेंद्र सिंह ने बताया कि जिन विद्यालयों में पढ़ाई सुचारू रूप से संचालित हो रही है, वही कायाकल्प के लिए पात्र होंगे। कायाकल्प के लिए संस्कृत विद्यालयों का चयन किया जा रहा है। योजना का लाभ पाने के लिए विद्यालयों को डीआईओएस कार्यालय से आवेदन करने के लिए कहा गया है। योजना के तहत संस्कृत विद्यालयों में न केवल संरचनात्मक सुधार किए जाएंगे बल्कि शिक्षा की गुणवत्ता में भी सुधार लाने का प्रयास किया जा रहा है।
विद्यालयों में मिलने वाली सुविधाएं
- विद्यालय में साफ-सफाई, बिजली, पानी और शौचालय की समुचित व्यवस्था की जाएगी।
- बच्चों के बैठने के लिए उचित फर्नीचर, खेलकूद सामग्री, स्मार्ट क्लास और लैब की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।
- विद्यालय परिसर की मरम्मत, रंग-रोगन, छत आदि का जीर्णोद्धार किया जाएगा।
प्रोजेक्ट अलंकार के तहत विद्यालयों का कायाकल्प किया जाना है। इसके लिए विद्यालयों को आवेदन करने का निर्देश दिया गया है। इसमें से चयनित विद्यालयों को 25-25 लाख रुपये दिए जाएंगे। - विरेंद्र सिंह, सहायक एडीआईओएस।