आजमगढ़। पहाड़ों पर हो रही बर्फबारी और पछुआ हवाओं ने जनजीवन बेहाल कर दिया है। दिन में धूप जरूर खिल रही है लेकिन गलन से निजात नहीं मिल पा रही है। सुबह-शाम और रात में तो घरों से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। रविवार को अधिकतम 19 और न्यूनतम तापमान छह डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। लगातार तापमान में गिरावट से लोगों की मुश्किलें बढ़ती जा रही हैं। सर्द पछुआ हवाओं ने जिले के पारे को काफी नीचे पहुंचा दिया है। भला हो धूप का जिसके कारण दिन के तापमान में थोड़ी वृद्घि होने के कारण लोगों को राहत मिल जा रही है। लेकिन जैसे ही सूर्य छिपता है गलन के कारण हर कोई सिकुड़ता नजर आता है। रविवार को जिले का अधिकतम तापमान 19 डिग्री और न्यूनतम तापमान छह डिग्री तक पहुंच गया। सुबह-शाम और रात के समय घरों से बाहर निकलना दूभर हो गया है। धूप के दौरान अगर कोई बिना गर्म कपड़ों के घर से बाहर निकला वह दिल ढ़लने से पूर्व घर पहुंचने की जल्दी में दिख रहा है। क्योंकि दिन ढ़लते ही गलन बहुत ज्यादा बढ़ जा रही है। सबसे ज्यादा परेशानी गरीब और असहाय लोगों को उठानी पड़ रही है। जिन लोगों के पास शरीर को गर्म करने के उपकरण हैं वह अपने शरीर को इनके सहारे गर्म कर ले रहे हैं। प्रशासन द्वारा गरीबों और असहायों को ठंड से राहत पहुंचाने के लिए कंबल वितरण किया जा रहा है और जगह-जगह अलाव भी जलवाए जा रहे हैं।