लाटघाट। सगड़ी तहसील के देवरांचल से होकर गुजरने वाली घाघरा जलस्तर में घटोत्तरी तो हुई लेकिन कटान ने ग्रामीणों की नींद उड़ा रखी है। कटान के कारण त्रिलोकी का पुरवा का अस्तित्व खतरे में पड़ गया है। विगत दिनों देवारा वासियों को दहलाने के बाद घाघरा का घटता जलस्तर उनके लिए मुसीबत का सबब बन गया है। जलस्तर घटने के साथ ही कटान में तेजी आ गई है। नदी तेजी से कृषि योग्य भूमि को काटकर अपने आगोश में लेती जा रही है। देवारा खास राजा गांव के त्रिलोकी का पुरवा निवासी सजगू, प्रकाश, त्रिलोकी, श्रीकांत, लालचंद के घर कटान के मुहाने पर पहुंच गए हैं। नदी उनके घर से मात्र 150 मीटर की दूरी पर बह रही है। वहीं त्रिलोकी, श्रीकांत, लालचंद ,संजय, राजेंद्र, महेंद्र, बीरबल, राम निवास, राम रक्षा, फूल बदन, मुंशी, प्रकाश आदि के घर कटान की जद में आ गए हैं।