विकास कार्यों की सोशल ऑडिट में 18 ग्राम पंचायतों में गड़बड़ी मिली है। अब इन ग्राम पंचायतों के तत्कालीन सचिवों और तत्कालीन ग्राम प्रधानों पर कार्रवाई की तलवार लटकी हुई है। वहीं कुछ अन्य ग्राम पंचायतों की भी सोशल ऑडिट में भी गड़बड़ी मिली है। इनको भी जल्द ही नोटिस जारी किया जाएगा। जनपद में 1811 ग्राम पंचायतों में ग्राम प्रधान और सचिवों की ओर से कराये गये विकास कार्यों में ऑडिट अनुपालन रिपोर्ट नहीं जमा की गई। सोशल ऑडिट टीम की ओर से जब कार्यों की जांच की गई तो जिले में दो दर्जन से अधिक गांवों के रिकॉर्ड में गड़बड़ी पकड़ में आई है। इन ग्राम पंचायतों में से 18 ग्राम पंचायतों में लाखों रुपये की गड़बड़ी सामने आई है। टीम ने इस संबंध में जिला पंचायत राज कार्यालय को पत्र जारी किया। पत्र मिलने के बाद डीपीआरओ की ओर से तत्कालीन ग्राम प्रधान और सचिवों को पत्र जारी कर स्पष्टीकरण तलब किया गया है। ऐसे में स्पष्टीकरण न प्रस्तुत करने वाली ग्राम पंचायतों पर कार्रवाई की तलवार लटक रही है।
सोशल ऑडिट में इन पंचायतों पकड़ी गई गड़बड़ी
पंचायत रुपये की गड़बड़ी
मिर्जापुर विकास खंड
मीर बख्शपुर- 79136
अतरौलिया विकास खंड
नंदना -50821
पचरी -251939
ध्यानीपुर - 89371
खीरीडीहा -170768
बोधी पट्टी -237384
बड़ौरा लक्षिरामपुर -254918
थिरईपट्टी -367241
रिठिया -100709
रानी की सराय विकास खंड
खैरपुर जगजीवन -1020769
कोटवा -817726
दिलौरी -234066
बिलरियागंज विकास खंड
ककरही दुलार -272202
धरसन सोहारी -1333437
भगतपुर -525820
गद्दोपुर -345585
ठेकमा विकास खंड
राजेपुर -22390
चौकी -44179
डीपीआरओ श्रीकांत दरवे ने कहा कि अनुपालन रिपोर्ट न देने के कारण दो दर्जन से अधिक ग्राम पंचायतों के सोशल ऑडिट में गड़बड़ी मिली है। जिसमें से 18 ग्रामों के ग्राम प्रधान और सचिवों को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा गया है। स्पष्टीकरण न देने की दशा में इनसे धन की वसूली की जाएगी।