आजमगढ़। महंगाई के बावजूद होली की खरीदारी के लिए बुधवार को बाजारों में भीड़ उमड़ पड़ी। तीन सौ रुपये किलो की दर से पैसा देने पर भी खोवा नहीं मिल रहा था। खोवे की कमी के कारण रेडीमेड गुझिया खरीदने के लिए दुकानों में उमड़ी रही। सुबह से देर रात तक बाजार में खरीदारों की भीड़ रही। बच्चे रंग-गुलाल और पिचकारी खरीद रहे थे, तो परिवार के मुखिया मेहमानों के स्वागत के लिए गुझिया, नमकीन, चिप्स, पापड़ और मिठाई खरीद रहे थे। भोर में ही लोग रोडवेज स्थित खोवा मंडी में जमा हो गए, जहां खोवा का भाव आसमान छू रहा था, फिर भी इसे खरीदने की होड़ लगी हुई थी। नमकीन, पापड़, चिप्स, गुझिया बाजार में भी आग लगी रही। मूंग पापड़ 250 रुपये किग्रा, आलू पापड़ 125 रुपये, सोयाबीन नमकीन 1125 रुपये, आलू चिप्स 185 रुपये किग्रा बिक रहा था। फिर भी त्योहार की मस्ती में लोग इसे खरीदने से नहीं चूक रहे थे। इधर नगर के मुख्य चौक पर रंग-गुलाल, पिचकारी, टोपी खरीदने के लिए बच्चों का हुजूम उमड़ा। बच्चों के लिए खिलौना माडल में पिचकारी 25 रुपये से 50 रुपये, आम, केला, दिलवाला, मशीनगन दो सौ से तीन रुपये और बंदूक, पिस्टल के आकार की पिचकारी 50 से 600 रुपये तक में बिक रही थी। महंगाई के बाद भी बच्चों की जिद आगे लोगों को झुकना पड़ रहा था। हर कोई अपने हिसाब से खरीददारी करने में मशगूल रहा। इस बार चाइनीज पिचकारी बहुत ही कम देखने को मिली।