ग्राम पंचायत में आयोजित बैंक सखी में चयन के लिए परीक्षा देती महिलाएं।
अयोध्या। ग्रामीण क्षेत्रों में बैंकिंग सेवाओं की पहुंच बढ़ाने और महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ने के उद्देश्य से शनिवार को वन जीपी-वन बीसी (एक ग्राम पंचायत-एक बैंकिंग कॉरेस्पोंडेंट) योजना के तहत 154 रिक्त ग्राम पंचायतों के लिए लिखित परीक्षा आयोजित की गई। परीक्षा के लिए कुल 416 महिलाओं ने पंजीकरण कराया था।
योजना के तहत प्रत्येक रिक्त ग्राम पंचायत में एक महिला बैंकिंग सखी (बीसी) का चयन किया जाएगा। चयन पूरी तरह लिखित परीक्षा के आधार पर होगा।
संबंधित ग्राम पंचायत में परीक्षा देने वाली महिलाओं में सर्वाधिक अंक प्राप्त करने वाली अभ्यर्थी का चयन किया जाएगा। राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) की निदेशक सरिता वर्मा ने बताया कि योजना का उद्देश्य ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाना और गांवों में बैंकिंग सुविधाओं को सुलभ बनाना है। चयनित महिलाओं को कार्य शुरू करने के दौरान सहायता देने के लिए सरकार की ओर से छह माह तक प्रति माह चार हजार रुपये का प्रोत्साहन मानदेय दिया जाएगा। इसके बाद उन्हें बैंकिंग सेवाओं और लेनदेन के आधार पर कमीशन प्राप्त होगा।
उन्होंने बताया कि चयनित बैंकिंग संवाददाता ग्रामीणों के बैंक खाते खोलने, नकद जमा एवं निकासी, आधार आधारित बैंकिंग सेवाएं, सरकारी योजनाओं की धनराशि का वितरण, पेंशन एवं छात्रवृत्ति भुगतान, डिजिटल भुगतान को बढ़ावा देने और बैंकिंग योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराने का कार्य करेंगी। इससे ग्रामीणों को बैंकिंग कार्यों के लिए दूर स्थित शाखाओं तक नहीं जाना पड़ेगा और अधिकांश सेवाएं गांव में ही उपलब्ध हो सकेंगी।