यूपी में अयोध्या के कोतवाली क्षेत्र में फर्जी खतौनी के जरिये जमीन का बैनामा कराकर दो लोगों से करीब 34 लाख रुपये की ठगी का मामला सामने आया है। दोनों मामलों में पीड़ितों ने एक ही गिरोह के लोगों पर कूटरचित दस्तावेज तैयार करके दूसरी जमीन दिखाने का आरोप लगाया है। पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज करके जांच शुरू कर दी है।
बेगमपुरा निवासी अरविंद कुमार मौर्य ने पुलिस को दी तहरीर में बताया कि वीरेंद्र पाल सिंह उर्फ राम सिंह निवासी तिहुरा मांझा, श्यामू निवासी तिहुरा मांझा, बाबूराम निवासी तिहुरा मांझा समेत अन्य लोगों ने कूटरचित खतौनी को असली बताकर 10 लाख रुपये में जमीन का बैनामा करा दिया।
मौके पर दूसरी जमीन दिखाई गई। पीड़ित ने वहां करीब पांच फीट ऊंची दीवार और गेट भी बनवा दिया। बाद में उसे पता चला कि बैनामा वाली जमीन दूसरी जगह है। आरोप है कि आरोपियों के कहने पर अलग-अलग स्थानों पर नींव भरवाने में करीब सात लाख रुपये और खर्च हो गए। रुपये वापस मांगने पर गाली देने और जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप है।
वहीं, वासुदेव घाट निवासी राम अवध ने भी इन्हीं आरोपियों पर इसी तरह ठगी करने का आरोप लगाया है। उनके मुताबिक, कूटरचित खतौनी दिखाकर 10 लाख रुपये लेकर बैनामा कराया गया और मौके पर दूसरी भूमि दिखाई गई। खरीदी गई जमीन पर निर्माण शुरू कराने के बाद उन्हें वास्तविकता का पता चला।
आरोप है कि अलग-अलग स्थानों पर नींव भरवाने में करीब सात लाख रुपये खर्च हो गए। पैसा वापस मांगने पर आरोपियों ने गाली देने और जान से मारने की धमकी दी। दोनों पीड़ितों ने जमीन की रकम और निर्माण संबंधी खर्च मिलाकर करीब 17-17 लाख रुपये, कुल 34 लाख रुपये की ठगी का आरोप लगाया है। पुलिस ने दोनों मामलों में रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।