अयोध्या। अब शहरी क्षेत्र की मलिन और घनी आबादी वाली बस्तियों में सफाई व्यवस्था को परखने के लिए नगर आयुक्त रोजाना निरीक्षण करेंगे। इसकी रिपोर्ट नगरीय निकाय निदेशालय को भेजी जाएगी। इतना ही नहीं सुबह के साथ शाम की पाली में भी सड़कों और गलियों में कूड़े की उठान सुनिश्चित की जाएगी।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर प्रमुख सचिव नगर विकास पी गुरु प्रसाद की ओर से नगर निगम क्षेत्र में नए सिरे से सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाने की गाइडलाइन पर अमल करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। नगर आयुक्त जयेंद्र कुमार ने महापौर महंत गिरीश पति त्रिपाठी से विचार-विमर्श करने के बाद इसकी कार्ययोजना तैयार कर ली है। संबंधित अधिकारियों को इस पर सख्ती के साथ अमल करने के निर्देश दिए गए हैं।
इसके तहत हर वार्ड में सुबह पांच से आठ बजे तक सफाई कर्मियाें की बीट बना कर सड़कों और गलियों की सफाई कराई जाएगी। शाम को भी दूसरी पाली में सफाई के साथ कूड़े का उठान कराया जाएगा। अभी सामान्य तौर पर गलियों में सुबह के समय ही सफाई कार्य होता है। सार्वजनिक और सामुदायिक शौचालयों में भी नियमित सफाई के साथ विसंक्रमण की कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। शहर भर में जलभराव वाले स्थानों को चिह्नित करते हुए नियमित रूप से दिन में एंटी लार्वा स्प्रे का छिड़काव किया जाएगा। शाम के समय ऐसे स्थानों पर फॉगिंग कराई जाएगी।
मलिन और घनी आबादी वाली बस्तियों में ब्लीचिंग पाउडर, मैलाथियान डस्ट और चूना का नियमित छिड़काव किया जाएगा। सफाई के समय एकत्र किए गए कूड़े या सिल्ट को किसी भी सूरत में सड़क के किनारे नहीं छोड़ा जाएगा। सीवर लाइन व पेयजल पाइप लाइन के आपसी क्रॉस कनेक्शन की अब नियमित जांच कराई जाएगी। इसके लिए अलग से टीम गठित कर दी गई है। सीवर लाइन और पेयजल पाइप लाइन के क्षतिग्रस्त या लीकेज होने की स्थिति में तत्काल मरम्मत कराई जाएगी। नगर आयुक्त ने इन सभी कार्यों के लिए नगर निगम के विभिन्न विभागों के बीच प्रभावी समन्वय की अपेक्षा की है।