अयोध्या। दीपोत्सव-2026 में श्रद्धालुओं की सुविधा, सुरक्षा और सुगम आवागमन प्रशासन की प्राथमिकता होगी। आयोजन के बाद भी व्यापक स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा। प्रमुख धार्मिक और दर्शनीय स्थलों पर मार्गदर्शन के लिए मानचित्र लगाए जाएंगे। सोमवार को तुलसी उद्यान भवन में जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी की अध्यक्षता में साधु-संतों और जनप्रतिनिधियों की बैठक में ये सुझाव दिए गए। डीएम ने अधिकारियों को समय से सभी व्यवस्थाएं पूरी करने के निर्देश दिए।
महंत रामशरण दास ने कहा कि दीपोत्सव अयोध्या की सांस्कृतिक विरासत और वैश्विक पहचान का प्रतीक बन चुका है। इसे भव्य और सुव्यवस्थित बनाने के लिए सभी विभाग समन्वय से काम करें। महंत डॉ. भरत दास ने प्रकाश व्यवस्था, स्वच्छता, यातायात प्रबंधन और संत-महात्माओं के आवागमन पर विशेष ध्यान देने का सुझाव दिया।
नाका हनुमानगढ़ी के महंत रामदास ने प्रमुख धार्मिक स्थलों पर मानचित्र लगाने और दूसरे जिलों के प्रशासन से समन्वय कर श्रद्धालुओं का आवागमन सुगम बनाने की बात कही। महापौर गिरीशपति त्रिपाठी और विधायक वेद प्रकाश गुप्ता ने भी सुझाव दिए। बैठक में एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर, नगर आयुक्त जयेंद्र, सीडीओ कृष्ण कुमार सिंह सहित संत-महात्मा मौजूद रहे।
आमजन की सहभागिता सुनिश्चित हो
महंत गिरीश दास ने दीपोत्सव में आम लोगों की अधिक से अधिक सहभागिता सुनिश्चित करने की मांग की। उन्होंने कहा कि आयोजन के दिन लोगों को परेशानी न हो, इसके लिए विशेष योजना बनाई जाए।