अयोध्या। श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट में प्रशासनिक फेरबदल के बाद अब वित्तीय व्यवस्था भी नए सिरे से तय की गई है। ट्रस्ट ने अंतरिम महासचिव डॉ. कृष्ण मोहन के साथ राम मंदिर के मुख्य अभियंता जगदीश आफले और चार्टर्ड अकाउंटेंट चंदन राय को विभिन्न बैंक खातों के संचालन की जिम्मेदारी सौंपी है। इस फैसले के बाद सबसे अधिक चर्चा मुख्य अभियंता जगदीश आफले की भूमिका को लेकर हो रही है।
जगदीश आफले पेशे से वरिष्ठ सिविल इंजीनियर हैं और राम मंदिर निर्माण परियोजना की शुरुआत से ही उससे जुड़े रहे हैं। उन्होंने आईआईटी मुंबई से इंजीनियरिंग की पढ़ाई की है तथा महिंद्रा एंड महिंद्रा, टाटा, सीमेंस और बजाज ऑटो जैसी कंपनियों में काम करने का अनुभव रखते हैं। पांच अगस्त 2020 के भूमि पूजन के बाद से वह अयोध्या में रहकर मंदिर निर्माण कार्य की निगरानी कर रहे हैं। अब पहली बार उन्हें ट्रस्ट के बैंक खातों के संचालन की जिम्मेदारी भी दी गई है। ऐसे में सवाल उठ रहे हैं कि निर्माण और तकनीकी कार्यों से जुड़े अधिकारी को वित्तीय संचालन में शामिल करने की आवश्यकता क्यों पड़ी। हालांकि ट्रस्ट की ओर से इस निर्णय के पीछे कोई आधिकारिक कारण सार्वजनिक नहीं किया गया है।
वहीं, सीए चंदन राय लंबे समय से ट्रस्ट के लेखा-जोखा और वित्तीय मामलों से जुड़े हैं, इसलिए उनकी भूमिका स्वाभाविक मानी जा रही है। लेकिन मुख्य अभियंता को भी बैंक खातों के संचालन का अधिकार दिए जाने को ट्रस्ट की नई प्रशासनिक व्यवस्था का महत्वपूर्ण बदलाव माना जा रहा है। इसके साथ ही यह सवाल भी चर्चा में है कि जब ट्रस्ट में कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंद देव गिरी मौजूद हैं, तो बैंक खातों के संचालन के लिए अलग से नई व्यवस्था की जरूरत क्यों पड़ी। फिलहाल ट्रस्ट की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण नहीं दिया गया है।