रुदौली तहसील में विनियमित क्षेत्र कक्ष में लटकता ताला।
भेलसर। विनियमित क्षेत्र में मकान बनाने का सपना देख रहे लोगों को तहसील प्रशासन एनओसी नहीं जारी कर रहा है। जिसकी वजह से तहसील में दर्जनों फाइलें धूल फांक रही है। आवेदन करने वाले तहसील के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन तहसील प्रशासन फाइलों को मंजूरी नहीं दे रहा है।
विनियमित क्षेत्र रुदौली में काम्प्लेक्स, आवासीय एवं व्यावसायिक भवन का निर्माण बिना नक्शा स्वीकृत कराए धड़ल्ले से हो रहा है। जिससे नपा प्रशासन को लाखों रुपये राजस्व हानि भी हो रही है। तहसील में नक्शा विभाग में आवेदन के बाद तहसील प्रशासन को सर्वे कर रिपोर्ट लगाने के लिए एक महीने का समय दिया जाता है। सर्वे के बाद आवेदन पर रिपोर्ट लगती है। इसे एनओसी कहते हैं। एनओसी मिलने के बाद नक्शा पास कर दिया जाता है लेकिन निर्माण कराने वाले लोगों को मंजूरी नहीं मिल पा रही है। तहसील प्रशासन के इस रवैये से लोग काफी परेशान हैं।
आवेदनकर्ता बार-बार तहसील के चक्कर काट रहे हैं। नगर पालिका रुदौली का विस्तार के बाद आसपास के 26 गांवों को भी 25 वार्डों में ही जोड़ दिया गया। अब मकान दुकान के निर्माण के लिए नक्शा पास कराना अनिवार्य हो गया है। दर असल अनुमति शुल्क जमा कराने के बाद भवन पंजीकृत हो जाता है। जिससे संपत्तिकर की वसूली होने लगती है। यही वजह है कि नक्शा पास कराने की शुल्क और संपत्तिकर को बचाने के चक्कर में ज्यादातर बिना परमिशन मकान का निर्माण करा रहे हैं। कुछ लोग नक्शा तो पास करा लेते हैं लेकिन नक्शे के अनुसार निर्माण नहीं करवाते हैं। स्वीकृत नक्शे के बजाय निर्माण का दायरा बढ़ाकर सड़क व आसपास की खाली जमीन पर भी मकान खड़े कर रहे हैं। रुदौली नगर में कई एसे काम्प्लेक्स हैं जिसमें पार्किंग की जगह ही नहीं छोड़ी गई है। विनियमित क्षेत्र के जेई विपिन चंद वर्मा ने बताया कि उनके स्तर से कोई फाइल पेंडिंग में नहीं है।
जिम्मेदार बोले
मुझे कुछ ही दिन रुदौली तहसील आए हुआ है। ऐसे में फाइलों की जांच-पड़ताल की जा रही है। आवास संबंधित जो फाइलें दुरुस्त हैं, उन्हें रोका नहीं जाएगा।
- प्रवीण कुमार यादव, एसडीएम रुदौली