अयोध्या। दलित व्यक्ति से मारपीट और जातिसूचक गालियां देने के मामले में अदालत ने आरोपी प्रेम नाथ मिश्रा को दोषी करार दिया है। विशेष न्यायाधीश एससी-एसटी एक्ट दीपक यादव ने सोमवार को दोषी को तीन साल छह माह के कारावास और 14 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।
मामला वर्ष 2012 में कुमारगंज थाना क्षेत्र के सुमेरपुर गांव का है। अभियोजन पक्ष के अनुसार, नौ दिसंबर की सुबह करीब आठ बजे हुब लाल खेत से घर लौट रहे थे। इसी दौरान प्रेम नाथ मिश्रा ने उनका पीछा करते हुए लाठी-डंडों से मारपीट की और जातिसूचक शब्दों से अपमानित किया। आरोप है कि उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी गई। बीच-बचाव करने पहुंचे हुब लाल के भतीजे विनोद और भाई की पत्नी ढेला के साथ भी मारपीट की गई, जिससे उन्हें चोटें आईं।
मामले की सुनवाई के दौरान 73 वर्षीय पीड़ित हुब लाल ने अदालत में अपना बयान दर्ज कराया। अभियोजन पक्ष ने सात गवाह पेश किए। गवाहों के बयानों और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर न्यायाधीश ने प्रेम नाथ मिश्रा को दोषी ठहराते हुए सजा सुनाई।