अयोध्या। जनगणना 2027 के पहले चरण में मकान सूचीकरण और मकानों की गणना के लिए व्यापक कार्ययोजना तैयार की गई है। इस चरण में नागरिकों को स्व-गणना के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा, जिसके लिए सात से 21 मई तक विशेष कार्यक्रम आयोजित होंगे।
जिलाधिकारी और प्रमुख जनगणना अधिकारी शशांक त्रिपाठी ने बताया कि सात मई को सुबह 10 बजे कलेक्ट्रेट मुख्यालय में गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति में स्व-गणना कार्यक्रम शुरू होगा। इस कार्यक्रम का उद्देश्य मकानों के सूचीकरण और गणना को प्रभावी ढंग से पूरा करना है। इसके लिए रेजिडेंट मजिस्ट्रेट को नामित अधिकारी बनाया गया है। सिविल कोर्ट और जिला बार एसोसिएशन के लिए अतिरिक्त मजिस्ट्रेट (प्रथम) को नामित किया गया है। सुबह 11 बजे नगर निगम के लिए अपर नगर आयुक्त और तहसील सदर के लिए तहसीलदार सदर नामित किए गए हैं। दोपहर 12 बजे तहसील सदर के अंतर्गत आने वाले विकासखंडों के लिए खंड विकास अधिकारी और दोपहर एक बजे नगर पंचायतों के लिए अधिशासी अधिकारी नामित किए गए हैं। मकान सूचीकरण और मकानों की गणना 22 मई से 20 जून तक चलेगा।
चार तहसीलों में स्व गणना आठ मई से
आठ से 21 मई तक तहसील सोहावल, बीकापुर, मिल्कीपुर और रुदौली में भी स्व-गणना अभियान चलाया जाएगा। इसके अतिरिक्त सभी विकासखंडों, नगर पंचायतों, पुलिस, शिक्षा, विकास, व्यापारिक संगठन, स्वास्थ्य, निबंधन और औद्योगिक इकाइयों के लिए भी नामित अधिकारियों की ड्यूटी लगाई गई है। प्रसिद्ध खिलाड़ी, गैर-सरकारी संगठन और श्रीराम जन्मभूमि मंदिर ट्रस्ट सहित अन्य ट्रस्ट भी इस अभियान का हिस्सा होंगे। इन सभी नामित अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में स्व-गणना को बढ़ावा देने का निर्देश दिया गया है।
सीडीओ बने नोडल अधिकारी
इस वृहद कार्य के लिए मुख्य विकास अधिकारी अयोध्या को नोडल अधिकारी नामित किया गया है। जिला विकास अधिकारी को सहायक नोडल अधिकारी की जिम्मेदारी सौंपी गई है। सभी नोडल अधिकारी, सहायक नोडल अधिकारी और नामित विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया गया है कि वे समन्वय स्थापित कर इस कार्य को संपन्न कराना सुनिश्चित करें।