अयोध्या। जिले के सुरक्षा घेरे का जाल और घना करने की तैयारी है। इसके लिए तीन नए थाने बनाने की प्रक्रिया शुरू हुई है। इनमें दर्शननगर और हैरिंग्टनगंज पुलिस चौकी को उच्चीकृत करने की योजना है। जबकि, शहर में हाईवे से सटे इलाकों में नया थाना बनाने पर मंथन चल रहा है।
जिले में अभी 19 पुलिस थाने है। इनमें महिला थाने को लेकर शहरी क्षेत्र में छह और ग्रामीण क्षेत्र में 13 स्थित हैं। रामलला की प्राण प्रतिष्ठा के बाद से जिले में वीवीआईपी गतिविधियां बढ़ी हैं। साथ ही जिले की आबादी भी बढ़ रही है। इस लिहाज से अब नए थाने बनाने की कवायद शुरू हुई है। बीते दिनों हुई एसएसपी की बैठक में यह निर्णय लिया गया है। वीवीआईपी मूवमेंट व शहर के विस्तार को देखते हुए विश्वविद्यालय, एयरपोर्ट व हाईवे से सटे अन्य इलाकों में एक नया थाना बनाने पर चर्चा हुई है।
एसएसपी ने एसपी ग्रामीण व नगर को तीनों थानों का खाका तैयार करके रिपोर्ट मांगी है। इसमें चौकियों को उच्चीकृत करने पर उससे कितनी आबादी जुड़ेगी, किन गांवों को किस थाने से जोड़ा जाएगा, इसकी कितनी उपयोगिता होगी, आदि बिंदुओं पर रिपोर्ट देनी है। इसमें जन प्रतिनिधियों की राय भी ली जाएगी।
जिले के कई थानों का क्षेत्रफल काफी विस्तृत होने से फरियादियों को लंबी दौड़ लगानी पड़ती है। पूराकलंदर थाना सुल्तानपुर हाईवे पर मसौधा के पास स्थित है। पूराबाजार के निकट स्थित भगवाभीट व इसके आसपास के गांव इससे जुड़े हैं। वहीं, सनेथू, नथन का पुरवा, बैसिंह आदि गांव भी पूराकलंदर थाने में शामिल हैं। जबकि इन गांवों की दूरी दर्शननगर पुलिस चौकी से कम है। लिहाजा इन गांवों को दर्शननगर से जोड़ने पर सुगमता होगी।
शहर में हाईवे व इसके आसपास के क्षेत्र में कई नई कॉलोनिया विकसित हुई हैं। वहां से थानों की दूरी अधिक होने से निगरानी में पुलिस को मशक्कत करनी पड़ती है। एक दिन के लिए भी लोगों के बाहर जाने से चोर घरों में हाथ सफा कर लेते हैं। इस क्षेत्र में नया थाना बनने से सुरक्षा घेरा मजबूत हो सकेगा।