अयोध्या। विश्व हिंदू परिषद के तत्वावधान में सोमवार को अयोध्या के लालबाग स्थित क्षत्रिय बोर्डिंग हाउस में “समरसता महाकुंभ” का भव्य आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम शाम 4:00 बजे से प्रस्तावित था लेकिन बारिश के चलते कार्यक्रम स्थल पर जल भराव हो गया जिससे यह कार्यक्रम शाम 7:00 बजे शुरू हो सका।
कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में बढ़ती दूरी, जातिगत भेदभाव और सामाजिक विखंडन जैसी चुनौतियों के बीच समरसता और एकता का संदेश देना रहा। आयोजकों ने कहा कि महाकुंभ समाज को जोड़ने और आपसी विश्वास को मजबूत करने का मंच है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता मणिरामदास छावनी के महंत कमल नयन दास ने की। मुख्य अतिथि राष्ट्रवादी वक्ता, चित्रकार एवं कवि बाबा सत्यनारायण मौर्य उपस्थित रहे, जबकि मुख्य वक्ता के तौर पर विहिप के केंद्रीय संगठन महामंत्री मिलिंद परांडे ने समाज में समरसता की आवश्यकता पर जोर दिया। अतिविशिष्ट अतिथि के रूप में क्षेत्र संगठन मंत्री गजेन्द्र और विशिष्ट अतिथि के रूप में प्रांत संगठन मंत्री विजय प्रताप भी मौजूद रहे।
कार्यक्रम में अवधी लोकगीत, भजन और सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने श्रद्धालुओं को भावविभोर कर दिया। सामाजिक विषयों पर आधारित नाट्य मंचन और संतों-विचारकों के उद्बोधन ने कार्यक्रम को विशेष आयाम दिया। इसके साथ ही प्रभु श्रीराम की आकर्षक झांकी भी प्रस्तुत की गई।
अंत में उपस्थित लोगों ने “समरस समाज—सशक्त समाज” के संकल्प के साथ सामाजिक एकता को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक, संत-महात्मा एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे।