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Ayodhya News: 14 घंटे की पुलिस कस्टडी में रहेंगे रमाशंकर व सुभाष

Tue, 14 Jul 2026 08:54 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, अयोध्या
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अयोध्या। राम मंदिर में चढ़ावा चोरी व गबन के मामले में जेल में निरुद्ध रमाशंकर मिश्रा और सुभाष श्रीवास्तव की पुलिस कस्टडी रिमांड को मंजूरी मिली है। दोनों आरोपियों को बुधवार की सुबह आठ बजे से 14 घंटे के लिए रिमांड की अनुमति मिली है।
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यह आदेश विशेष न्यायाधीश एंटी करप्शन कोर्ट रजत वर्मा ने विशेष अभियोजन अधिकारी व बचाव पक्ष की ओर से पैरवी कर रहे लीगल एड डिफेंस कौंसिल डिप्टी चीफ कुल शेखर सिंह के तर्कों को सुनने के बाद मंगलवार को पारित किया है। न्यायाधीश ने जेल में निरुद्ध आरोपी रमा शंकर मिश्रा व सुभाष श्रीवास्तव की पुलिस कस्टडी रिमांड 15 जुलाई की सुबह आठ बजे से रात 10 बजे तक की अवधि के लिए दी है।

जेल से आरोपियों को पुलिस कस्टडी में लेने के तुरंत बाद व कस्टडी रिमांड अवधि पूरी होने के बाद जेल के अंदर न्यायिक अभिरक्षा में भेजे जाने के पहले मेडिकल परीक्षण कराने का निर्देश भी दिया गया है। अदालत में विशेष अभियोजन अधिकारी संजय दूबे ने तर्क दिया कि आरोपियों ने अपने बयान में बताया है कि सीताराम मंदिर में चढ़ावा धनराशि चोरी की रकम छिपा कर रखी गई है। इन परिस्थितियों में आरोपी रमा शंकर व सुभाष की पुलिस कस्टडी रिमांड की मांग की गई।
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वहीं, आरोपी की पैरवी के लिए नियुक्त किए गए लीगल एड डिफेंस कौंसिल डिप्टी चीफ ने रिमांड प्रार्थना पत्र का विरोध किया। कहा कि विवेचक ने जिस मंदिर से धनराशि बरामद कराने के लिए रिमांड की मांग की है वह राम जन्म भूमि मंदिर परिसर में ही है। इसमें बिना किसी रिमांड के भी जांच की जा सकती है। न्यायाधीश ने रिमांड प्रार्थना पत्र पर दोनों पक्षों को सुनने के पश्चात विवेचक की ओर से मांगी गई अवधि सात दिन को खारिज करते हुए 14 घंटे की अवधि का पुलिस अभिरक्षा रिमांड का आदेश पारित किया।

10 जुलाई को विवेचक ने प्रस्तुत किया था प्रार्थना पत्र

विवेचक आशुतोष तिवारी ने 10 जुलाई को अदालत में प्रार्थना पत्र पेश किया था। विशेष अभियोजन अधिकारी ने तर्क दिया कि आरोपियों के बयान से नए तथ्य आए हैं, जिनकी सत्यता की जांच के लिए आरोपियों को सात दिन की रिमांड आवश्यक है। विशेष न्यायाधीश ने सुनवाई के लिए 14 जुलाई की तारीख नियत की थी। इससे पहले दो जुलाई को विवेचक ने अदालत से आरोपी अविनाश शुक्ला की 48 घंटे की पुलिस कस्टडी रिमांड की मांग की थी। सुनवाई के बाद न्यायालय ने 13 घंटे की ही अनुमति दी। सात जुलाई को आरोपी लवकुश मिश्रा, अनुकल्प मिश्रा व करुणेश पांडेय की 40 घंटे की पुलिस कस्टडी रिमांड की मंजूरी मिली थी। जबकि विवेचक ने कोर्ट से सात दिन की रिमांड मांगी थी।
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