अयोध्या। जिला कारागार में निरुद्ध बंदियों ने शनिवार की सुबह जेलर की फटकार के बाद चाय नहीं पी। इसके बाद जेल में बंदियों की भूख हड़ताल की चर्चा होने लगी। एक मुलाकाती ने बाहर आकर इसकी जानकारी मीडिया को दी तो हलचल मच गई। हालांकि, जेल प्रशासन ने इसका खंडन करके भूख हड़ताल से इनकार किया है।
सोहावल क्षेत्र निवासी एक व्यक्ति शनिवार को एक बंदी से मुलाकात करने जिला जेल में गया था। बाहर निकलकर उसने बंदियों के भूख हड़ताल पर होने की जानकारी दी। मीडिया में यह मामला सार्वजनिक हुआ तो हलचल मच गई। मुलाकाती ने राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में निरुद्ध बंदियों को विशिष्ट सुविधा उपलब्ध कराने का दावा भी किया। हालांकि, जेल प्रशासन ने इन दावों को खारिज किया है।
वरिष्ठ जेल अधीक्षक मुकेश कुमार ने बताया कि जेल में निरुद्ध दो बंदियों को अराजकता के कारण जेलर ने डांट-फटकार लगाई थी। इसी वजह से उन लोगों ने एक बार चाय नहीं पी। बाद में उन्हें बुलवाकर समझाया गया तो स्थिति सामान्य हो गई। सभी बंदियों ने चाय-नाश्ता और भोजन किया है। बताया कि चढ़ावा चोरी के आरोपियों की मुलाकात सीसीटीवी की निगरानी में अलग कराई जाती है। उन्हें किसी तरह की वीआईपी व्यवस्था नहीं दी जा रही है।