अयोध्या। राजर्षि दशरथ मेडिकल कॉलेज गंजा के एमबीबीएस के छात्र सागर पटेल के शव का शनिवार भोर में पोस्टमार्टम हुआ। रिपोर्ट में मौत की वजह हैंगिंग बताई गई है। इसके बाद परिजन शव लेकर अंतिम संस्कार के लिए रवाना हो गए।
जौनपुर के मछली शहर के निकामुद्दीनपुर निवासी सागर पटेल (22) का शव शुक्रवार की दोपहर बाद मेडिकल कॉलेज के छात्रावास में फंदे से लटकता मिला था। रात लगभग 09:30 बजे परिजनों के पहुंचने पर फोरेंसिक टीम और पुलिस ने मृतक का कक्ष खोला। मौके की वीडियोग्राफी कराई गई। इसके बाद जिला प्रशासन की अनुमति से इमरजेंसी में पोस्टमार्टम की अनुमति ली गई। शनिवार की भोर लगभग 04:30 बजे सीएचसी खंडासा में तैनात डॉ. बृजेश कुमार ने शव का पोस्टमार्टम किया।
सीओ अयोध्या आशुतोष तिवारी ने बताया कि मृतक के पिता समर बहादुर पटेल, भाई और जीजा की मौजूदगी में वीडियोग्राफी करवाते हुए मृतक का कक्ष खोला गया था। उसके कमरे से सुसाइड नोट नहीं मिला है। बल्कि किताबें, जिम के सामान, रस्सा व कपड़े आदि मिले थे। किसी तरह की अन्य आपत्तिजनक वस्तु नहीं मिली है। परिजन पहले तो शव का पोस्टमार्टम भी नहीं करवाना चाहते थे, लेकिन बाद में वह राजी हो गए थे। इसलिए भोर में ही पोस्टमार्टम करवाकर शव उन्हें सौंप दिया गया, जिसे लेकर वह अंतिम संस्कार के लिए रवाना हुए।
मेडिकल कॉलेज के गंजा परिसर में घटना के बाद से ही सन्नाटा पसरा रहा। सभी बैच के विद्यार्थियों, संकाय सदस्यों व कर्मचारियों की जुबान पर तरह-तरह की चर्चा रही। हालांकि, इस मामले में कोई भी कुछ बोलने से कतराता रहा।
मेडिकल कॉलेज परिसर में शनिवार को दो मिनट का मौन रखकर छात्र को श्रद्धांजलि दी गई। इस दौरान सभी विद्यार्थियों से कॉलेज की गतिविधियों, उनकी सुविधाओं व परेशानियों से संबंधित राय ली गई। प्राचार्य डॉ. सत्यजीत वर्मा ने विद्यार्थियों को आपस में तालमेल रखने, खेलकूद की गतिविधियों में प्रतिभाग करने व किसी तरह की दिक्कत हाेने पर उन्हें अवगत कराने की बात कही। शोकसभा में सभी संकाय सदस्य, विभागाध्यक्ष आदि शामिल रहे।