कार्यक्रम को संबोधित करते विकासशील इंसान पार्टी (वीआईपी) के संस्थापक एवं बिहार के पूर्व मंत्री
अयोध्या। विकासशील इंसान पार्टी (वीआईपी) के संस्थापक मुकेश सहनी बृहस्पतिवार को अयोध्या पहुंचे। उन्होंने रामलला के दर्शन कर निषाद समाज के आरक्षण और अधिकारों के लिए प्रार्थना की। सहनी ने एलान किया कि 2027 से पहले आरक्षण न मिलने पर निषाद समाज भाजपा को वोट नहीं देगा।
सहनी ने मीडिया से कहा कि भगवान श्रीराम और निषादराज का संबंध ऐतिहासिक है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा ने निषाद समाज को आरक्षण देने का वादा पूरा नहीं किया। उन्होंने उत्तर प्रदेश में निषाद आरक्षण संकल्प यात्रा निकालने का ऐलान किया। इस यात्रा के तहत लाखों लोग गंगाजल लेकर संकल्प लेंगे। उन्होंने निषाद पार्टी के अध्यक्ष संजय निषाद पर भी सात वर्षों में आरक्षण न दिलाने का आरोप लगाया।
मुकेश सहनी ने भाजपा और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ पर राम के नाम पर राजनीति करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि राम मंदिर आंदोलन का उपयोग राजनीतिक लाभ के लिए किया गया। सहनी ने बिहार सरकार की स्वास्थ्य और प्रशासनिक व्यवस्था की भी आलोचना की। उन्होंने जोर दिया कि निषाद समाज अब केवल आश्वासनों से संतुष्ट नहीं होगा। इस दौरान रामभारत निषाद, जसपाल निषाद, अनिल साहनी, मास्टर रमेश निषाद, मोनू निषाद, दीपक निषाद सहित अन्य मौजूद रहे।
25 जुलाई से निषाद आरक्षण संकल्प यात्रा
अयोध्या। विकासशील इंसान पार्टी के मुकेश साहनी ने 25 जुलाई से 101 दिवसीय निषाद आरक्षण संकल्प यात्रा की घोषणा की। वह एक कार्यक्रम में पत्रकारों से बात कर रहे थे। उन्होंने कहा, 2027 विधानसभा चुनाव से पहले आरक्षण नहीं मिलने पर निषाद समाज भाजपा के विरोध में मतदान करेगा। इस यात्रा में एक करोड़ लोगों को संकल्प दिलाया जाएगा। सहनी ने जातीय जनगणना के आधार पर आरक्षण की मांग भी दोहराई।