अयोध्या। डीएम की फटकार के बाद अब मेडिकल कॉलेज दर्शननगर जागा है। प्राचार्य ने सफाई और लॉन्ड्री का काम कर रही दो फर्मों को नोटिस जारी किया है। साथ ही डॉक्टरों, नर्सिंग स्टाफ और आउटसोर्स कर्मियों का ड्रेस कोड भी अनिवार्य किया गया है।
जिलाधिकारी शशांक त्रिपाठी ने 31 जुलाई को मेडिकल कॉलेज का निरीक्षण किया था। इस दौरान अस्पताल में गंदगी का अंबार मिला। वार्डों में भी अनियमितताएं मिलीं। इस पर डीएम ने नाराजगी जताई। इसके बाद प्राचार्य ने सभी वार्डों, ओपीडी कक्षों और अस्पताल परिसर की साफ-सफाई पर विशेष निगरानी के निर्देश दिए हैं। निगरानी के लिए संबंधित विभाग से एक-एक संकाय सदस्य को नामित करने को कहा गया है, जो प्रतिदिन सफाई व्यवस्था का निरीक्षण करेंगे।
प्राचार्य के जारी आदेश में अस्पताल की सफाई व्यवस्था संभाल रही मैसर्स प्राइम क्लीनिंग सर्विसेज का काम असंतोषजनक बताया गया है। इसलिए फर्म को नोटिस जारी किया गया है। इसके अलावा निरीक्षण के दौरान इमरजेंसी विभाग में गंदी चादर मिलने पर लॉन्ड्री का संचालन कर रही श्री इंटरप्राइजेज को भी नोटिस दिया गया है।
प्राचार्य डॉ. दिनेश सिंह ने बताया कि सभी वार्डों में रोजाना साफ बेडशीट लगवाने के लिए मैट्रन को निर्देशित किया गया है। इसके अलावा सभी संकाय सदस्य, सीनियर रेजीडेंट, जूनियर रेजीडेंट और नर्सिंग स्टाफ के लिए ड्यूटी के दौरान एप्रन पहनना अनिवार्य किया गया है। आउटसोर्स के माध्यम से कार्यरत कर्मचारियों को यूनिफार्म में रहना होगा। नियम का उल्लंघन मिलने पर संबंधित के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।