बीकापुर। कोतवाली क्षेत्र के एक गांव के 17 वर्षीय किशोर को नौकरी का झांसा देकर दोस्तों ने अश्लील वीडियो बनाया। उसके बाद ब्लैकमेल करने लगे। कोतवाली पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार शुक्रवार कोर्ट में प्रस्तुत कर जेल भेज दिया।
किशोर की मां ने कोतवाली में दी तहरीर में बताया है कि वह विधवा है। परिवार में एकमात्र बेटा है जो गुजरात में मजदूरी करके परिवार का भरण पोषण कर रहा था। पूरा कलंदर थाना क्षेत्र के चांदपुर कैल निवासी दीपक पटेल ने बेटे से दोस्ती कर काम दिलाने के नाम पर बुला लिया। काम के लिए 13 जनवरी की शाम बेटे को अयोध्या बुलाया। आरोप है कि तीन दिन तक इधर-उधर घुमाते रहे। इसी दौरान आचारी सागरा दर्शन नगर के पास कमरा लेकर वहां अश्लील वीडियो बना लिया। उसी को दिखाकर उसके बेटे को ब्लैकमेल करने लगे। बेटे ने उन्हें फोन करके सारी जानकारी दी। कहा कि उन्हें पैसा दे दो नहीं तो यह लोग जान से मार देंगे। 16 जनवरी को आरोपियों को नाका बाईपास अयोध्या में भाई के साथ 50 हजार रुपये लेकर गई। रुपये गिनने के बाद पहले तो कहा कि अब मामला खत्म हो गया। इस दौरान मेरे भाई ने चुपके से पूरा वीडियो बना लिया। अगले दिन ही 15 लाख रुपये मांगने लगे। बताया कि रुपये आशुतोष पाठक ने लिए। सारांश, मयंक और राव घेरा बनाकर खड़े थे। कोतवाली पुलिस ने विशेष टीम बनाकर आरोपियों की तलाश शुरू की। पूरा कलंदर थाना क्षेत्र के चांदपुर कैल निवासी दीपक पटेल, मलिकपुर पाठक का पुरवा निवासी आशुतोष पाठक, पलिया गोवा निवासी दुर्गेश कुमार, हिसामुद्दीन पुर निवासी सारांश मयंक राव, तथा पुरखीपुर थाना कूरेभार जनपद सुल्तानपुर निवासी कुलदीप तिवारी को पुलिस टीम ने गिरफ्तार कर लिया। प्रभारी निरीक्षक अमरेंद्र बहादुर सिंह ने बताया कि सभी पांच आरोपियों को गिरफ्तार करके शुक्रवार को न्यायालय भेजा गया है। आरोपियों में आशुतोष पाठक का गंभीर आपराधिक इतिहास रहा है।