सोहावल। रौनाही थाना क्षेत्र के जुबेरगंज बाजार स्थित नूर कोल्ड स्टोर में अमोनिया गैस के रिसाव से बुधवार को तेज धमाका हो गया। कोल्ड स्टोर की दोनों ओर की दीवारें ढह गईं। ईंटें, मलबा और बोरों में रखे आलू हवा में उड़कर सड़क तक फैल गए। घटना के बाद पुलिस व फायर ब्रिगेड की टीम ने मौके का जायजा लिया।
एसडीएम सोहावल अशोक कुमार सैनी भी पहुंचे। घटना के दौरान कोल्ड स्टोर में मौजूद पांच लोगों को सकुशल बाहर निकाल लिया गया है।
मसौधा निवासी कोल्ड स्टोर के सुपरवाइजर परमानंद मौर्य के मुताबिक, स्टोर में लिफ्ट का काम चल रहा था। इसकी वजह से एक लाइन की अमोनिया गैस को खाली कर दूसरी लाइन में शिफ्ट किया जा रहा था। इस प्रक्रिया के दौरान पहली लाइन और दूसरी लाइन के बीच अचानक लिफ्ट आ गई और गैस का रिसाव होने लगा। देखते ही देखते तेज विस्फोट हुआ और आसपास की दोनों दीवारें भरभरा कर गिर गईं।
हादसे के बाद अंदर खुद सुपरवाइजर समेत पांच लोग फंस गए। चार लोग ग्राउंड फ्लोर पर ही थे। इसके चलते वे अपने आप ही बाहर निकल आए, लेकिन सुपरवाइजर पांचवीं मंजिल पर फंस गए। उन्हें रेस्क्यू टीम ने बाहर निकाला।
गौरा पट्टी नियांवा निवासी स्टोर मालिक फरीद अहमद ने बताया कि इस हादसे में करीब तीन करोड़ का नुकसान हुआ है। एसएचओ पंकज सिंह का कहना है कि विस्फोट में जनहानि नहीं हुई है। मामले की छानबीन की जा रही है।
बिना फायर एनओसी के चल रहा था कोल्ड स्टोर
रौनाही में स्थित कोल्ड स्टोर जांच में बिना अग्निशमन विभाग के अनापत्ति प्रमाण-पत्र के संचालित होता मिला है। मुख्य अग्निशमन अधिकारी एमपी सिंह ने बताया कि पूर्व में उद्यान विभाग को पत्र भी लिखा गया था, लेकिन फायर एनओसी की कार्यवाही नहीं की गई। मामले की जांच की जा रही है। जिन मानकों की अवहेलना की गई है, उसी आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
नियमों के साथ लोगों की जान से भी खिलवाड़
कोल्ड स्टोर के संचालन में नियमों की अनदेखी के साथ लोगों की जान के साथ भी खिलवाड़ किया जा रहा है। जुबेरगंज बाजार में ये कोल्ड स्टोर जहां स्थित हैं, वहां आसपास कई प्रतिष्ठान हैं। इसके ठीक पास में एक रेस्टोरेंट है, जहां दिनभर सैकड़ों लोगों का आना जाना लगा रहता है। इसके अलावा आसपास कई दुकानें भी हैं। समय पर यदि गैस रिसाव नहीं रोका जाता तो काफी दर्दनाक और बड़ा हादसा भी हो सकता था।
ठंडी न हो जाए जांच की आंच
अमोनिया गैस के रिसाव के चलते विस्फोट होना कोई मामूली बात नहीं है। मौके पर जिस तरह से कोल्ड स्टोर की दीवारें ढही हैं, उसे देखकर ये साफ कहा जा सकता है कि यदि जरा-सी भी देरी होती तो हादसा भीषण रूप ले सकता था। हालांकि अब देखना ये है कि मामले की जांच के नाम पर जिम्मेदार क्या करते हैं? घटना के बाद मौके पर पहुंचे एसडीएम अशोक कुमार सैनी ने बताया कि रिसाव क्यों और कैसे हुआ इसकी तकनीकी जांच संबंधित विभाग की ओर से की जाएगी।
रौनाही के जुबेरगंज बाजार के पास कोल्ड स्टोर में विस्फोटके बाद पड़ा मलबा व बोरा।