अयोध्या। महर्षि वाल्मीकि अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर आपदा प्रबंधन योजना (डीएमपी) व टेबल टॉप अभ्यास के जरिये आपातकालीन तैयारियों की परख की गई। एटीआर-72 विमान की आपातकालीन लैंडिंग व इंजन में आग लगने की चेतावनी का काल्पनिक परिदृश्य बनाकर एटीसी से राहत-बचाव एजेंसियों तक सूचना पहुंचाने की प्रक्रिया जांची गई। करीब छह मिनट 30 सेकंड में प्राथमिक एजेंसियों को सूचना देने की व्यवस्था की समीक्षा हुई। घायलों की पी-1, पी-2 व पी-3 श्रेणी में ट्राइएज, पैरामेडिकल टैगिंग और एंबुलेंस व चालक दल के लिए अलग व्यवस्था पर चर्चा हुई। गेट नंबर-1 के बाहर राहत दलों के लिए आरवी प्वाइंट तय किया गया। स्थायी मोबाइल कमांड पोस्ट बनने तक इंडिगो बस को अंतरिम कमांड पोस्ट बनाया जाएगा। डीएमपी में भूकंप, बाढ़, चक्रवात, विमान दुर्घटना व आगजनी के लिए एल-0 से एल-3 प्रतिक्रिया तय है। इस दौरान एडीएम एफआर अमित भट्ट, एयरपोर्ट निदेशक धीरेंद्र सिंह, सीओ सिटी श्रेयांश त्रिपाठी व मुख्य अग्निशमन अधिकारी एमपी सिंह मौजूद रहे।