रुदौली। मवई विकासखंड की 51 ग्राम पंचायतों में मनरेगा के तहत कराए गए पक्के निर्माण कार्यों का भुगतान लंबे समय से लंबित है। करीब 9.25 करोड़ रुपये बकाया होने से ग्राम पंचायतों की आर्थिक स्थिति प्रभावित हो रही है। निर्माण सामग्री उधार देने वाले सप्लायरों का तगादा बढ़ने से प्रशासकों की परेशानी भी बढ़ गई है।
वित्तीय वर्ष 2023-24 में चार लाख रुपये, 2024-25 में 3.22 करोड़ रुपये और 2025-26 में करीब छह करोड़ रुपये का भुगतान बाकी है। बजट की उपलब्धता और भुगतान प्रक्रिया में देरी के कारण यह स्थिति बनी हुई है।
प्रशासकों के मुताबिक, मनरेगा के तहत कराए गए निर्माण कार्य पूरे हो चुके हैं। भुगतान मिलने की उम्मीद में कई प्रशासकों ने सप्लायरों से उधार पर ईंट, मोरंग, गिट्टी और अन्य निर्माण सामग्री खरीदी थी। लंबे समय से धनराशि नहीं मिलने के कारण अब सप्लायर भुगतान के लिए दबाव बना रहे हैं। इसका असर पंचायतों में नए विकास कार्यों पर भी पड़ रहा है।
प्रधान संघ अध्यक्ष पवन वर्मा ने बताया कि मवई ब्लॉक की 51 ग्राम पंचायतों का करीब 9.25 करोड़ रुपये भुगतान लंबित है। इससे विकास कार्य प्रभावित हो रहे हैं। प्रशासक पुराने कार्यों की धनराशि मिलने का इंतजार कर रहे हैं।
खंड विकास अधिकारी अखिलेश मिश्रा ने बताया कि तीन वित्तीय वर्षों में करीब नौ करोड़ रुपये का भुगतान किया जा चुका है। शासन से अतिरिक्त बजट की मांग की गई है। बजट उपलब्ध होते ही बकाया भुगतान प्राथमिकता के आधार पर कराया जाएगा।