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UP News: राम मंदिर के परकोटा निर्माण की चुनौती बरकरार, 15 दिन में ट्रस्ट के सुपुर्द होंगे पूरे हुए काम

Tue, 21 Jan 2025 12:44 PM IST
भूपेन्द्र सिंह अमर उजाला नेटवर्क, अयोध्या

सार

राम मंदिर के परकोटा निर्माण की चुनौती अभी भी बरकरार है। पूरे हुए काम 15 दिन में ट्रस्ट के सुपुर्द होंगे। 
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राम मंदिर भवन निर्माण समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्र - फोटो : संवाद
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विस्तार
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यूपी के अयोध्या में मंगलवार को राम मंदिर भवन निर्माण समिति की बैठक का दूसरा दिन है। निर्माण कार्य में अभी भी श्रमिकों की कमी बताई जा रही है। एलएंडटी से कहा गया है कि वो श्रमिकों की संख्या बढ़ाएं। वहीं, परकोटा यानी राम मंदिर का परिक्रमा मार्ग बनाने की चुनौती अभी भी बरकरार है। पूरे हुए कार्य 15 दिन के अंदर ट्रस्ट को सौंप दिए जाएंगे। राम मंदिर परिसर में 20 एकड़ जमीन पर वनस्पति सौंदर्य की भी व्यवस्था की जा रही है। 

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राम मंदिर भवन निर्माण समिति के अध्यक्ष नृपेंद्र मिश्र ने बताया कि राम मंदिर का भूतल, प्रथम तल और द्वितीय तल के साथ मंदिर के अंदर आइकोनोग्राफी के सभी काम मार्च तक पूरा कर लेंगे। मार्च तक ही प्रथम तल पर राम दरबार की प्रतिष्ठा की जाएगी। द्वितीय तल के गर्भगृह में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के रामायण जो आसानी से उपलब्ध नहीं होते हैं, उनको रखा जाएगा। 

बताया कि मंदिर में लगे 370 पिलर पर जो मूर्तियां बनाई जा रही हैं, उनका कार्य भी जल्द पूर्ण कर लिया जाएगा। एसटीपी सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट डबल्यूटीपी वॉटर ट्रीटमेंट प्लांट, फायर पोस्ट भवन व इलेक्ट्रिकल सर्विसेज भवन को 15 दिन के अंदर ट्रस्ट को हैंडओवर कर दिया जाएगा। 
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उन्होंने बताया कि राम मंदिर के अधिकतम कार्य सितंबर तक पूरे कर लिए जाएंगे। यही नहीं राम मंदिर परिसर के 20 एकड़ जमीन में तीन माह के अंदर घास व पेड़ पौधे लगाकर वनस्पति सौंदर्य की भी व्यवस्था की जाएगी। परकोटा यानी राम मंदिर के परिक्रमा मार्ग के कार्य की चुनौती अभी बनी हुई है। इसमें तीन लाख क्यूबिक फीट पत्थर लगाए जाने हैं। 

नृपेंद्र मिश्र ने बताया कि जून तक इस काम को पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है लेकिन कार्यदायी संस्था जून तक कार्य करने में अक्षम साबित हो रही है। यह कार्य भी सितंबर तक पूर्ण होने की उम्मीद है। श्रमिकों की कमी अभी भी बरकरार है। एलएंडटी से कहा गया है कि वह अपने मुख्यालय को पत्र लिखकर श्रमिकों की संख्या बढ़ाने की बात करें।

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