अयोध्या। पूराकलंदर क्षेत्र के पगलाभारी गांव में हुए पहले धमाके के चार घंटे बाद बचाव कार्य के दौरान फिर धमाका हुआ। इसमें 50 मीटर दूर खड़े लेखपाल आकाश सिंह गंभीर रूप से घायल हो गए। वहीं 17 घंटे बाद मलबे के नीचे से रामकुमार की साली वंदना शव बरामद हुआ। अब धमाकों में मरने वालों की संख्या छह हो गई है।
गांव निवासी रामकुमार गुप्ता के मकान में बृहस्पतिवार शाम तेज धमाका हुआ था। इसमें रामकुमार, उनकी बेटी ईशा (10), बेटा लव (7) और यश (5) के अलावा बीकापुर के लुत्फाबाद बछौली निवासी राम सजीवन की मौत हो गई थी। जबकि, रामकुमार की साली व सुल्तानपुर के कूरेभार क्षेत्र के चंदौर निवासी वंदना (22) मलबे के नीचे दब गई थीं।
देर रात 11 बजे तक रेस्क्यू के बावजूद वंदना का अता-पता नहीं चला। रात भर उसकी खोज जारी रही। सुबह से ही जेसीबी से मलबा हटाने का कार्य शुरू हुआ। दोपहर लगभग 12 बजे मलबे के नीचे युवती की लाश दिखाई पड़ी तो आनन-फानन एंबुलेंस और महिला पुलिसकर्मी बुलाई गईं। शव की पहचान वंदना के रूप में होने पर उसे जिला अस्पताल भिजवाया गया, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।
वहीं, घटना के बाद से पुलिस गैस सिलिंडर से धमाके का दावा कर रही है, लेकिन ग्रामीण मानने को तैयार नहीं हैं। उनके अनुसार ये धमाके बारूद की वजह से हुए हैं।
एसएसपी डॉ. गौरव ग्रोवर ने बताया कि प्रथम दृष्टया गैस सिलिंडर से विस्फोट की जानकारी मिली है। बम डिस्पोजल स्क्वायड और फोरेंसिक समेत कई टीमों ने मौके से नमूने लिए हैं। उनकी रिपोर्ट मिलने पर ही तस्वीर साफ होगी।
29-पगलाभारी गांव में दूसरी बार हुए धमाके में घायल लेखपाल।-संवाद