घटना स्थल पर पहुंच कर जानकारी लेतीं एसपी चारू निगम। संवाद
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अछल्दा। पिता-पुत्र पर पड़ोसियों द्वारा किए गए जानलेवा हमले और पिता की मौत के मामले में पुलिस ने विवाद की वजह पुरानी रंजिश बताई है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक राहुल का पहले सुरेश बाबू के घर आना जाना था। पिछले वर्ष सुरेश बाबू के परिवार ने राहुल पर कई गंभीर आरोप लगा कर समाज में बदनाम कर दिया। इससे राहुल कुछ दिनों के लिए गांव से बाहर (मुंबई) चला गया, पर यह बात राहुल और उसके परिवार के साथ गांव के कुछ लोगों को नागवार गुजर रही थी। बताया जा रहा है कि कुछ लोगों ने मान सम्मान की दुहाई देते हुए कुछ दिन पहले ही राहुल को गांव बुलाया था। इसके बाद रविवार को राहुल के साथ ही गांव के लोग एकत्र हुए और सुरेश बाबू के परिवार को सबक सिखाने की ठानी। सूत्रों के मुताबिक हमला करने से पहले लोगों ने एक जगह बैठकर शराब पी और इसके बाद परिवार पर हमला कर दिया।
घरों में ताला डाल कर भागे आरोपी व परिजन
रात में जिस वक्त घटना को अंजाम दिया गया, गांव के ज्यादातर लोग सो रहे थे। चीखपुकार सुन गांव के लोगों में हड़कंप मचा। कुछ ग्रामीण मृतक सुरेश बाबू के दरवाजे पर पहुंचे तो कुछ अपने घरों से ही झांकते रहे। पुलिस पहुंचती इससे पहले आरोपियों के घरों की महिलाएं ताला डाला कर बच्चों व बुजुर्गों के साथ गांव से चली गईं। पुलिस जब आरोपियों की तलाश में घर पहुंची तो घरों में ताले लटके मिले।
हमलावरों की दहशत में रहे ग्रामीण
सुरेश बाबू के घर पर किए गए हमले व हमलावरों द्वारा ग्रामीणों को मामले से दूर रहने की धमकी देने की वजह से लोग दहशत में रहे। रात से सुबह तक आस पड़ोस में रहने वाले ग्रामीण भी पुलिस के सामने कुछ भी कहने से किनारा करते रहे। ग्रामीणों में घटना और हमलावरों की दहशत साफ दिखाई दे रही थी।
गांव में तनाव को देखते हुए तैनात पुलिस बल। संवाद- फोटो : AURAIYA
आरोपी राहुल के घर पर पसरा सन्नाटा। संवाद- फोटो : AURAIYA