औरैया। जिन रूटों पर रोडवेज बसें नहीं चल रही हैं उनपर एक वर्ष पहले सर्वे किया गया था। सर्वें में आठ रूट चिह्नित किए गए हैं। अब आठ छूटे रूटों पर रोडवेज बसें चलाई जाएंगी। यह रूट ग्रामीण क्षेत्र से जिला मुख्यालय व पड़ोसी जिले को जोड़ते हुए हैं। जिससे सैकड़ों गांव के लाखों लोगों का सफर सुगम होगा। शासन स्तर से अधिसूचना जारी कर दी गई है।
ग्रामीण इलाकों को शहर से संपर्क के लिए यूपी रोडवेज ने बड़ी पहल की है। गांव से शहर को जोड़ने के लिए आठ नए रूट चिह्नित किए हैं। अगले माह तक इन रूटों पर रोडवेज बसें दौड़ेंगी। जिला मुख्यालय आने के साथ ही पड़ोसी जिले इटावा व कानपुर देहात से सीधे जुड़ाव होगा। फिलहाल औरैया रोडवेज डिपो से 70 बसों का संचालन 18 रूटों पर किया जा रहा है। शासन से जारी हुई अधिसूचना के अनुसार औरैया रोडवेज डिपो को तकरीबन 20 और बसों की जरूरत होगी।
-
बीहड़ में मजबूत होगा परिवहन तंत्र
राष्ट्रीय राजमार्ग-19 पर दिल्ली से कानपुर लखनऊ रूट पर यात्री वाहनों का परिवहन ठीक रहा है, लेकिन हाईवे से सटे बीहड़ के लिए इस सर्वे में विशेष ध्यान दिया गया है। भासौन, अयाना, भरसेन व क्योंटरा आदि गांवों को विशेष तौर पर बस सेवा के लिए चुना गया है। यह पहली बार होगा कि बीहड़ की सड़कों पर बसें चलेगीं।
-
दो चक्कर लगाएगी एक बस
परिवहन विभाग के मुताबिक शासन से जारी हुए निर्देश के तहत 100 किमी के अंदर का रूट निर्धारित किया गया है। इस दायरे में एक बस दो चक्कर लगा सकेगी। वहीं सुबह से लेकर शाम को आवागमन आसानी से हो सकेगा।
-
मार्ग का ब्योरा (रूट) किमी में दायरा
इटावा-औरैया-भासौन-अयाना 92
इटावा-औरैया-अयाना 90
इटावा-औरैया-क्योंटरा 77
इटावा-औरैया-भरसेन 75
इटावा-औरैया- धर्मपुर-संदलपुर 83
इटावा-औरैया-फफूंद-देवरपुर 80
इटावा-औरैया-ककोर- बैसुंधरा 86
इटावा-औरैया-बेला- हरदू नुनारी 75
-
बोले जिम्मेदार
शासन स्तर से अधिसूचना जारी की गई है। फिलहाल बसें मिलने से लेकर तमाम काम होने हैं। बसों की आवश्यकता आंकी जा रही है। रूटों पर शासन के निर्देश के तहत बसों को चलाया जाएगा।’- परशुराम पांडेय, क्षेत्रीय प्रबंधक रोडवेज डिपो (आरएम)