नगर में चल रही रामलीला महोत्सव के अंतिम दिन मेघनाथ वध, अहिवरण वध, रावण वध की लीला देख दर्शकों की आंखें नम हो गई। रामलीला महोत्सव के अंतिम दिन राम और लक्ष्मण की भूमिका निभाने वाले कलाकारों ने दर्शकों को लीला में सराबोर कर दिया। रामलीला महोत्सव में प्रतिशोध की ज्वाला में लक्ष्मण ने मेघनाथ से युद्ध करने का संदेश दे दिया। तभी विभीषण ने बताया कि यदि मेघनाथ यज्ञ पूरा कर लेता है तो कोई शक्ति उसे परास्त नहीं कर सकती है। इधर हनुमान वानर सेना लेकर लंका पहुंच गए। तो लक्ष्मण ने अपने बाणों की वर्षा से मेघनाथ का वध कर दिया। लीला में एक-एक कर रावण सेना के सभी योद्धा मारे जाते है। रावण का वध होते ही पूरा पांडाल तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठता है।