औरैया जिले में कचहरी में अधिवक्ता के खिलाफ चल रहे मामलों में तारीख पर आई पीड़िता ने समझौता पत्र पर हस्ताक्षर न करने पर दंपती पर बंधक बनाकर लूट करने की रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस को दिए शिकायती पत्र में पीड़िता ने गर्भस्थ शिशु को गिराने और मना करने पर जान से मारने के प्रयास का भी आरोप लगाया है। पुलिस ने पीड़िता की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर जांच शुरू की है।
कोतवाली क्षेत्र निवासी एक पीड़िता ने सदर कोतवाली पुलिस को तहरीर दी। जिसमें बताया कि 23 जनवरी को वह भरण पोषण के मामले में न्यायालय पैरवी करने को आई थी। जहां कुछ जरूरी कागजों की फोटो कापी कराने न्यायालय से बाहर जा रही थी। तभी नगला चैन सुख निवासी अवनीश सिंह ने पकड़ लिया और अपने बस्ते पर ले आया।
जहां बस्ते पर पहले से ही अवनीश की पत्नी आरती बैठी थी। पीड़िता का आरोप है कि अवनीश ने कहा कि अपने पेट में पल रहे बच्चे को गिरा दो और मुकदमों में समझौता पत्र पर हस्ताक्षर कर दो। आरोप है कि आरती जबरदस्ती हस्ताक्षर करने के लिए दबाव बनाने लगी। मना करने पर अवनीश सिंह ने पेचकश से जानलेवा हमला कर दिया। कोतवाली प्रभारी निरीक्षक रवि श्रीवास्तव ने बताया कि पीड़िता की तहरीर पर नामजद आरोपियों पर रिपोर्ट दर्ज की गई है। मामले की जांच की जा रही है।