दिबियापुर। एनटीपीसी से गेल जा रही 220 केवी की हाईटेंशन बिजली लाइन पर काम कर रहा निजी कंपनी का लाइनमैन करंट लगने से गंभीर रूप से झुलस गया। लाइन ट्रिप हो जाने पर सहयोगी कर्मियों ने उसे नीचे उतारा और दिबियापुर सीएचसी में भर्ती कराया। हालत गंभीर होने पर उसे सैफई रेफर कर दिया गया।
एनटीपीसी से गेल तक गई 220 केवी की बिजली लाइन से गेल को बिजली आपूर्ति होती है। इस लाइन के रखरखाव का काम विद्युत पारेषण खंड के अधिकारियों की देखरेख में चल रहा है। सोमवार को लगभग 11 बजे अधिकारियों की मौजूदगी में काम शुरू हुआ। इटावा के कुनैरा फ्रेंडस कालोनी निवासी मनीराम पुत्र मान बहादुर समेत कई अन्य निजी कंपनी के लाइनमैन गांव परवाहा के पास कई फुट ऊंचे टावर पर चढ़ रहे थे। अचानक मनीराम हाईटेंशन लाइन के करंट की चपेट में आकर झुलसने लगा। करंट से हाईटेंशन लाइन ट्रिप हो गई। साथी कर्मियों ने गंभीर रूप से झुलसे मनीराम को रस्सियों के सहारे नीचे उतारा। उसे दिबियापुर सीएचसी में भर्ती कराया गया। यहां से नाजुक हालत में सैफई रेफर कर दिया गया।
विद्युत पारेषण खंड के उपखंड अधिकारी अभिनव श्रीवास्तव अनुसार एनटीपीसी से गेल की बिजली लाइन पर जंफर टाइटिंग का काम चल रहा था। गेल की एक सर्किट की लाइन का शटडाउन हुआ था। दूसरे चालू सर्किट से गेल प्लांट चल रहा था। अधिकारियों के गलत दिशा-निर्देश के कारण लाइनमैन एवं कर्मचारी बाएं के स्थान पर दाएं सर्किट पर चढ़ गए। इससे लाइनमैन करंट की चपेट में आकर झुलस गया। बताया कि भारत सरकार के इलेक्ट्रिकल इंस्पेक्टर आकर मामले की जांच कर बताएंगे कि किसकी गलती से यह हादसा हुआ है। घटना की जानकारी थाने में दे दी गई है।
फफूंद थानाध्यक्ष विनोद कुमार का कहना है कि जिस लाइन पर शटडाउन था। उसके पास से निकली दूसरी लाइन की करंट की चपेट में आकर कर्मचारी झुलस गया है। सैफई रेफर कर दिया गया है।