औरैया। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना पारदर्शिता लाने के लिए लाभार्थी किसानों का भूलेख सत्यापन कराया जा रहा है। सत्यापन में कई गड़बड़िया निकलकर सामने आ रही हैं। सत्यापन में विभाग को 4024 मृतक व 1152 ऐसे किसान मिले जो भूमिहीन थे और योजना का लाभ ले रहे थे। अब विभाग ऐसे लोगों से रिकवरी कराएगा।
केंद्र सरकार ने एक दिसंबर 2018 से किसान सम्मान निधि की शुरुआत की थी। इसमें भूमिहीन, आयकर जमा करने जैसे कई तरह के अपात्र योजना का लाभ पा रहे थे। जिसको देखते हुए सरकार ने भूलेख के आधार पर सत्यापन कराने के निर्देश दिए। इसमें राजस्व विभाग व कृषि विभाग द्वारा किसानों के भूलेख का सत्यापन शुरू कराया गया है।
उप निदेशक कृषि शैलेंद्र कुमार वर्मा ने बताया कि जिले में किसान सम्मान निधि योजना में 2,28,815 किसान पंजीकृत हैं। इसमें अभी तक 1,83,052 किसानों का भूलेख सत्यापन का कार्य पूरा हो चुका है। सत्यापन के दौरान 4024 मृतक व 1152 किसान भूमिहीन चिह्नित हुए हैं। अभी 45,763 किसान भूलेख सत्यापन से वंचित हैं।
वंचित किसानों को संबंधित ब्लॉक के राजकीय बीज भंडार अथवा शहर के ब्लॉक स्थित उप कृषि निदेशक कार्यालय जाकर अपनी सत्यापन कराने की व्यवस्था की गई है। जो अपात्र मिले हैं उनसे रिकवरी के विभागीय कार्रवाई शुरू की गई है।