पीड़ित के दरवाजे पर तैनात पुलिसकर्मी
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कोतवाली क्षेत्र के ग्राम जरूहौलिया में प्रधान पति की हत्या के बाद पुलिस ने पीड़ित परिवार को 24 घंटे पुलिस सुरक्षा उपलब्ध कराई है। लेकिन अभी तक नामजद हत्यारोपियों की गिरफ्तारी न होने से पीड़ित परिवार में आक्रोश व्याप्त है। पीड़ित परिजनों ने कहा कि अगर दो दिन के अंदर बचे हत्यारोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई तो वह आंदोलन करेंगे।
कोतवाली क्षेत्र का चर्चित मामला राजवीर हत्याकांड ने तूल पकड़ लिया है। विगत 15 फरवरी को प्रधानपति राजवीर परमार की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। एक माह बाद भी नामजद हत्यारोपी शशवेेंद्र व शिव कुमार दुबे की अभी तक गिरफ्तारी न होने से क्षुब्ध आकर 14 मार्च को मृतक राजवीर की पत्नी प्रधान संगीता परमार ने केरोसिन डालकर आत्मदाह करने का प्रयास किया था। पुलिस ने पीड़ित परिवार को जल्द ही हत्यारोपियों की गिरफ्तारी का आश्वासन दिया है।
मृतक के पत्नी प्रधान संगीता परमार का कहना है कि अगर दो दिन के अंदर नामजद हत्यारोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई तो एक बार फिर से आंदोलन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस बार जालौन, कानपुर देहात व औरैया जिले के क्षत्रिय समाज के लोग आंदोलन में शामिल होंगे। पीड़िता संगीता ने कहा कि जब तक उसे न्याय नहीं मिलेगा, तब तक वह चुपचाप नहीं बैठेंगी। इसके लिए चाहे उन्हें कुछ भी करना पड़े। मामले में सीओ सिटी सुभाष अत्री का कहना है कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए दबिशें दी जा रही हैं। हत्यारोपियों की गिरफ्तारी के पुलिस टीमें लगी हुई हैं। जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी की जा रही है।
पुलिस नहीं कर रही कार्रवाई
औरैया। पीड़ित प्रधान संगीता परमार का कहना है कि जब हत्यारोपी पुलिस की पकड़ में नहीं आ रहे हैं तो पुलिस की ओर से गांव में मुनादी कराई जाए। उन्हाेंने पुलिस पर आरोप लगाया कि वह हत्यारोपियों को पकड़ने में दिलचस्पी नहीं दिखा रही है। वह मामले में कार्रवाई नहीं करना चाहती है। उन्होंने बताया कि 14 मार्च को घटना के बाद से वह औरैया में ही अपने दूसरे घर आ गई हैं। उन्होंने कहा कि ग्रामीण उन पर कमेंट करते थे। जब तक न्याय नहीं मिलेगा तब तक वह शांत नहीं बैठेंगी।