कोतवाली क्षेत्र के एक गांव में बकरी चरा रही 17 वर्षीय किशोरी के साथ गांव के युवक ने खेत में ले जाकर दुष्कर्म किया। पीड़िता अपने माता-पिता के साथ फरियाद लेकर कोतवाली पहुंची। पुलिस रिपोर्ट लिखने के बजाय मामले को दबाने का प्रयास कर रही है। पीड़िता के परिजनों के मुताबिक कोतवाली पुलिस ने धमकाकर छेड़छाड़ की तहरीर लिखवा ली। इसके बाद भी मामला दर्ज नहीं किया। इस घटना से पीड़िता व उसके माता-पिता दहशत में हैं।
सदर कोतवाली क्षेत्र के एक गांव निवासी एक 17 वर्षीय किशोरी 24 फरवरी की शाम को गांव के बाहर खेत में बकरी चरा रही थी। पीड़िता का आरोप है कि गांव का दबंग युवक मारपीट करते हुए अरहर के खेत में ले गया। यहां उसने दुष्कर्म किया। जान से मारने की धमकी भी दी। पीड़िता ने घर आकर माता-पिता को जानकारी दी। माता-पिता पीड़िता को लेकर देररात कोतवाली पहुंचे। कोतवाली पुलिस घटना कोे दबाने में जुट गई। पीड़िता व उसके माता-पिता और इनके साथ आए ग्रामीणों ने बताया कि पुलिस ने उन्हें धमकाया है। पीड़िता की तहरीर बदलवाकर छेड़छाड़ में लिखवा ली। पीड़िता को डाक्टरी परीक्षण के लिए भी नहीं भेजा।
कोतवाल सुधाकर मिश्रा ने पहले तो बताया कि मामला संज्ञान में नहीं है। बाद में फोन कर बताया कि उन्होंने एसआई से बात की थी। मामला मारपीट का समझ में आया है। पीड़िता जो तहरीर देगी उसी अनुसार रिपोर्ट दर्ज कर जांच की जाएगी।
इस संबंध में एसपी राम किशोर ने बताया कि मामला संज्ञान में नहीं आया है। घटना हुई है तो रिपोर्ट दर्ज होगी। वह इस मामले को दिखवाएंगे। मामला सच है तो पीड़िता को न्याय मिलेगा।