सूरत से वापस लौटते समय बहन के घर जा रहे एक युवक से लूट कर बदमाशों ने मरणासन्न हालत में सड़क किनारे फेंक दिया था। परिजनों ने युवक को कानपुर में भर्ती कराया था। शुक्रवार को उपचार के दौरान युवक की मौत हो गई। शव घर आते ही परिजन रोने बिलखने लगे। घटना की सूचना दिबियापुर पुलिस को दी गई है।
ककोर क्षेत्र के गांव प्रतापपुर निवासी विशंभर(38) पुत्र मरदान सिंह सूरत में साड़ी बेचने का काम करते थे। यह नौ दिसंबर को सूरत से ट्रेन से लौट रहे थे। इटावा से आगे इकदिल के पास भवानीपुर गांव में इनकी बहन सियावती रहती हैं। रात होने से विशंभर इकदिल में उतर गए। यह टेंपो से भवानीपुर जाने लगे।
रास्ते में टेंपो सवार बदमाशों ने इनसे 30 हजार रुपये व अन्य सामान लूट लिया। बाद में मरणासन्न हालत में सड़क किनारे फेंक दिया। सुबह निकले दूधियों ने इन्हें अस्पताल में भर्ती कराया। सूचना पर पहुंचे परिजनों ने गंभीर हालत में सांई कृपा नर्सिंग होम कानपुर में भर्ती कराया। यहां उपचार के दौरान शुक्रवार को मौत होे गई। मृतक के चार बच्चे हैं। परिजनों ने दिबियापुर थाने में सूचना दी है। मृतक के पिता मरदान सिंह ने बताया कि पोस्टमार्टम कराकर रिपोर्ट दर्ज कराएंगे।