कोतवाली में अपने को पीड़िता बताने वाली युवती को बेहोशी हालत में संभालते अन्य अधिवक्तागण
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एलएलबी की छात्रा ने अधिवक्ता के कहने पर उसके विरोधी के खिलाफ रेप का मामला दर्ज करा दिया। जब पुलिस उसे मेडिकल कराने ले गई तो घबराहट में उसने पूरे मामले का खुलासा कर दिया। अब पुलिस अधिवक्ता के खिलाफ नए सिरे से जांच शुरू कर दी है। कानपुर के बैरी कल्याणपुर निवासी एलएलबी प्रथम वर्ष की छात्रा मुस्कान मिश्रा ने बुधवार सुबह सदर कोतवाली पहुंच कानपुर के सर्वोदय नगर निवासी भरत गुप्ता के खिलाफ तहरीर दी। इसमें आरोप लगाया कि मंगलवार को एक मामले में कागजात लेने वह औरैया कोर्ट गई थी।
वहां से लौटते समय दोपहर लगभग 12 बजे मुंसिफी चौराहे से जालौन चौराहे के बीच कार सवारों ने उसे जबरन खींच लिया। कार में बैठे सर्वोदय नगर निवासी भरत गुप्ता व तीन अन्य अज्ञात लोगों ने नशीला पदार्थ पिलाने के बाद रेप किया। शाम को होश में आई तो खुद को चौबेपुर के पास पाया। इस पर पुलिस ने रेप का मामला दर्ज कर लिया। इसके बाद छात्रा को मेडिकल के लिए भेजा। जिला अस्पताल पहुंचने पर छात्रा ने मेडिकल कराने से इनकार कर दिया और पूरे मामले का खुलासा किया।
इंस्पेक्टर संजय मिश्रा ने बताया छात्रा ने बताया कि उसे कानपुर के कल्याणपुर निवासी अधिवक्ता ने धोखे से बहला फुसलाकर रेप का मामला दर्ज करवाया। इस काम के लिए अधिवक्ता ने उसको वकील बनने में पूरी मदद करने व घर का खर्च उठाने का भरोसा दिया था। अधिवक्ता ने यह भी कहा था कि पुलिस के सामने पहुंचकर बेहोश होकर गिरने का नाटक भी करना।
जिस पर उसने कोतवाली पहुंचते ही बेहोश होकर गिरने का नाटक भी किया था। इंस्पेक्टर संजय मिश्रा के मुताबिक मामला फर्जी निकलने के बाद अब नए सिरे से जांच शुरू की जाएगी। अधिवक्ता के खिलाफ एलएलबी की छात्रा का मानसिक हनन कर उसका इस्तेमाल कर कानून का दुरुपयोग करने को लेकर मामला दर्ज किया जाएगा।
जमीन के विवाद में रची थी फर्जी रेप की कहानी
इंस्पेक्टर संजय मिश्रा ने बताया कि भरत गुप्ता की उम्र 65 साल है। वह कानपुर में प्लाटिंग का काम करता है। यह मामला करोड़ाें की जमीन से संबंधित है। अधिवक्ता ने कल्याणपुर में साढ़े तीन करोड़ की जमीन का एग्रीमेंट कराया था। बात न बनने पर पार्टी ने उस जमीन को भरत गुप्ता को चार करोड़ में बेंच दिया।
भरत गुप्ता ने जमीन का बैनामा कराकर उस पर बिल्डिंग बना ली। इसी से खफा होकर अधिवक्ता ने दिसंबर में बेला थाने में भरत गुप्ता के खिलाफ एक मामला दर्ज कराया। जांच में वह मामला फर्जी मिला और उसे एक्सपंज कर दिया गया था। इसके अलावा अधिवक्ता की ओर से भरत गुप्ता के खिलाफ कानपुर में दस मुकदमें दर्ज कराए गए हैं। 12 वां मामला फिर औरैया में दर्ज करा दिया गया है।