अपर सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट महफूज अली ने सहायल थाना क्षेत्र के ग्राम पूरा खुर्द में 10 साल पहले आनरकिलिंग के मामले में युवक की हत्या कर शव गायब करने के मामले में सजा सुनाई। जिसमें आरोपी को उम्रकैद और 40 हजार रुपये अर्थदंड की सजा से दंडित किया।
गांव पूरा खुर्द थाना सहायल निवासी धीरज सिंह ने रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि नौ अगस्त 2009 को उसके भतीजे अजय उर्फ बबलू व अभियुक्त अजय सिंह रक्षाबंधन मनाने दिल्ली से गांव आए थे। 14 अगस्त को अभियुक्त अजय सिंह पुत्र नरेंद्र सिंह ने गांव के बाहर अंबेडकर मूर्ति के पास धारदार हथियार से काटकर हत्या कर दी। रात में शव के टुकडे कर उसे बोरे में भरकर रिंद नदी में फेंक दिया। वादी की रिपोर्ट पर न्यायालय के आदेश पर यह मुकदमा लिखा गया। विवेचना में पता चला कि मृतक अजय सिंह बब्लू व आरोपी अजय सिंह आपस में रिश्तेदार हैं।
दिल्ली में एक जगह पर नौकरी करते थे। दोनों एक ही कमरे में रहते थे। दोनों एक साथ रक्षाबंधन पर घर आए थे। बताते हैं कि मृतक अजय सिंह उर्फ बबलू का संबंध मुलजिम की बहन से हो गया था। वादी के भतीजे को उक्त लड़की से मिलते हुए मुलजिम ने देख लिया था। इसी बात को लेकर अजय सिंह उर्फ बबलू की हत्या कर दी। शव गायब कर दिया गया। आरोप पत्र लगने के बाद यह मुकदमा एडीजे फास्ट ट्रैक महफूज अली के यहां चला।
अभियोजन व बचाव पक्ष की दलीलों को सुनने के बाद महफूज अली ने अभियुक्त अजय सिंह को हत्या का दोषी माना और आजीवन कारावास व 40 हजार रुपए अर्थदंड की सजा से दंड़ित किया। सत्र लिपिक भूपेश कुमार मिश्रा ने बताया कि अर्थदंड अदा न करने पर आरोपी को तीन माह अतिरिक्त सजा भुगतने का आदेश भी किया गया है। हत्या के दोषी अजय सिंह को जिला कारागार इटावा भेज दिया गया है।