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20 हजार की रिश्तव लेते बीएसए दफ्तर का लिपिक गिरफ्तार

Fri, 23 Mar 2018 11:38 PM IST
auraiya
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- बीएसए कार्यालय के भ्रष्ट बाबू विनीत कुमार पांडेय को पकड़कर ले जाती एंटी करप्शन टीम। - फोटो : amarujala
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दिबियापुर (औरैया)। लखनऊ से आई एंटी करप्शन विभाग की टीम ने शुक्रवार को बेसिक शिक्षा अधिकारी के दफ्तर में छापेमारी कर बीस हजार रुपये की रिश्वत लेते एक लिपिक को गिरफ्तार कर लिया। आरोपी लिपिक एक मामले में 13 महीने से निलंबित दो शिक्षकों से 20 हजार रुपये की घूस लेते रंगे हाथ पकड़ा गया है। टीम ने आरोपी को दिबियापुर पुलिस को सौंपते हुए उसके खिलाफ मुकदमा दर्ज करा दिया। उधर, चर्चा रही कि छापेमारी की सूचना मिलने पर बीएसए दफ्तर की दीवार फांदकर भाग निकले।
ककोर स्थित बीएसए कार्यालय में शुक्रवार दोपहर लखनऊ से आई एंटी करप्शन टीम ने मनीशा भदौरिया के नेतृत्व में छापेमारी की। टीम ने यहां तैनात वरिष्ठ लिपिक विनीत कुमार पांडेय को 20 हजार रिश्वत के रुपयों के साथ रंगे हाथ गिरफ्तार किया। टीम में शामिल निरीक्षक शिवपाल सिंह और रामपाल सिंह ने बताया कि 13 माह से निलंबित चल रहे दो शिक्षकों ओमजी पोरवाल और देवेंद्र राजपूत ने एंटी करेप्शन,कानपुर आफिस में शिकायत की थी। उनकी शिकायत पर यह कार्रवाई की गई। मालूम हो कि इन दोनों शिक्षकों को निलंबित किया गया था। जांच के बाद उनकी बहाली का आदेश भी हो गया है। इसके बावजूद निलंबन बहाली के लिए बीएसए कार्यालय का वरिष्ठ लिपिक विनीत दोनों शिक्षकों से 10-10 हजार रुपये की रिश्वत मांग रहा था। इस शिकायत की प्रारंभिक जांच में बाबू पर लगे आरोपों की पुष्टि हो गई। इसके बाद लखनऊ में एंटी करप्शन विभाग के मुखिया के आदेश पर यह कार्रवाई की गई।
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इस तरह जाल में फंसा रिश्वतखोर बाबू
एंटी करप्श्न सेल की प्रभारी मनीशा भदौरिया के नेतृत्व में आगरा, झांसी और कानपुर के निरीक्षकों की टीम बनाई गई। इस टीम ने शुक्रवार सुबह डीएम आफिस से स्वतंत्र गवाह लिए। इसके बाद शिकायतकर्ता शिक्षक ओमजी पोरवाल को टीम ने ट्रीट करके 20 हजार रुपये दिए। पोरवाल ने जैसे ही बाबू को रिश्वत में यह रुपये दिए, पीछे से पहुंची टीम ने बाबू को दबोच लिया। बाबू की पैंट की पीछे की जेब से टीम ने केमिकल लगाए गए रुपये बरामद कर लिए। टीम आरोपी बाबू को पकड़कर दिबियापुर थाने लाई। यहां पर बाबू के हाथों में लगे केमिकल के नमूने लिए गए। साथ ही आरोपी के खिलाफ थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। सीओ वंदना सिंह का कहना है कि पकड़े गए भ्रष्ट बाबू के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

बाबू के रिश्वत लेने की मुझे कोई जानकारी नहीं थी। मैने निलंबित शिक्षकों को बहाल करने का आदेश दिया था। बाबू आदेश की कापी को दबाए रहा। जब एंटी करप्शन टीम ने उसे पकड़ा तब मुझे जानकारी हुई। शुक्रवार को मुझे पता चला कि कुछ शिक्षक बाबू से नोकझोंक कर रहे हैं। इसलिए आफिस से चला गया। हालांकि जैसे ही जानकारी मिली कि एंटी करप्शन टीम आई है तो मैं वापस दफ्तर आय गया।  - शिवप्रसाद यादव ,बेसिक शिक्षा अधिकारी
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एआरटीओ दफ्तर पर मारा छापा
एंटी करप्शन टीम ने एआरटीओ दफ्तर में भी छापेमारी की। छापेमारी की सूचना मिलते ही दफ्तर के बाहर झोपड़ी बनाकर दलाली का काम रहे दलाल भाग निकले। टीम को यहां कुछ मिला नहीं। यहां कर्मचारियों की आईडी भी चेक की गई। टीम की प्रभारी मनीशा भदौरिया ने एआरटीओ मनोज सिंह से मुलाकात कर कर्मचारियों को गले में आई कार्ड लटकाने की नसीहत दी।
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